16 साल के किशोर ने मौत के बाद भी दी जिंदगी, बना मिसाल- रोहतक PGI से पहली बार एयरलिफ्ट हुए ऑर्गन
रोहतक PGI से पहली बार ऑर्गन एयरलिफ्ट किए गए। 16 वर्षीय ब्रेनडेड किशोर के अंगों से 6 लोगों को नई जिंदगी मिलेगी। हरियाणा में अंगदान का नया रिकॉर्ड बना।
➤ रोहतक PGI से पहली बार एयरलिफ्ट हुए ऑर्गन, बना नया इतिहास
➤ 16 वर्षीय ब्रेनडेड किशोर के अंगों से 6 लोगों को मिलेगी जिंदगी
➤ आर्मी जवान की पत्नी को किडनी, लीवर पहुंचा दिल्ली ILBS
हरियाणा के रोहतक PGIMS ने चिकित्सा क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। यहां से पहली बार ग्रीन कॉरिडोर बनाकर ऑर्गन एयरलिफ्ट किए गए। यह कदम न सिर्फ प्रदेश बल्कि पूरे स्वास्थ्य तंत्र के लिए बड़ी मिसाल बनकर उभरा है।
जानकारी के अनुसार, 16 वर्षीय ब्रेनडेड किशोर के अंगों का सफलतापूर्वक दान किया गया। किशोर को सड़क हादसे के बाद गंभीर हालत में PGI के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया था, जहां डॉक्टरों के अथक प्रयासों के बावजूद 24 अप्रैल को उसे ब्रेनडेड घोषित कर दिया गया।
इसके बाद डॉक्टरों ने परिवार को अंगदान के लिए प्रेरित किया। परिवार ने बेहद साहस और मानवता का परिचय देते हुए अपने बेटे के अंग दान करने का फैसला लिया। इस फैसले से अब 6 लोगों को नई जिंदगी मिलने जा रही है।
अंगदान प्रक्रिया के तहत एक किडनी पंचकूला के कमांड चंडी आर्मी अस्पताल भेजी गई, जहां इसे एक आर्मी जवान की पत्नी को ट्रांसप्लांट किया जाएगा। किडनी को PGI से ग्रीन कॉरिडोर के जरिए सिर्फ 5 मिनट में बाबा मस्तनाथ यूनिवर्सिटी हेलीपेड तक पहुंचाया गया, जहां से हेलीकॉप्टर के जरिए उसे रवाना किया गया।
वहीं, लीवर को दिल्ली के ILBS अस्पताल भेजा गया, जबकि अन्य अंग PGI में ही उपयोग किए जाएंगे। किशोर के शरीर से दो किडनी, दो कॉर्निया और दो लीवर निकाले गए हैं, जिससे कई मरीजों को जीवनदान मिलेगा।
घटना का भावुक पक्ष यह भी है कि मृतक करनाल निवासी हर्ष अपने पिता के साथ बाइक पर जा रहा था, तभी समालखा के पास सड़क हादसा हुआ। हादसे में पिता की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि हर्ष को गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया था।
PGI प्रशासन ने बताया कि ब्रेनडेड की पुष्टि के लिए विशेषज्ञों की टीम द्वारा दो चरणों में एप्निया टेस्ट किए गए, जिसमें ब्रेन स्टेम फंक्शन पूरी तरह शून्य पाया गया। इसके बाद ही अंगदान की प्रक्रिया शुरू की गई।
PGI के वाइस चांसलर डॉ. एच.के अग्रवाल ने कहा कि इस तरह के फैसले समाज के लिए प्रेरणादायक होते हैं। उन्होंने कहा कि अंगदान से किसी का जीवन बचाया जा सकता है और यह सबसे बड़ा दान है।
गौरतलब है कि एक महीने में यह तीसरा अंगदान है, जिससे PGIMS रोहतक ने हरियाणा में नया रिकॉर्ड बना दिया है। सोटो हरियाणा की पहल भी इस दिशा में लगातार सफल हो रही है।
Akhil Mahajan