हरियाणा में भारी बारिश का अलर्ट,3 जिलों में यलो अलर्ट, 21 अगस्त को फिर तेज बारिश
हरियाणा में 17 अगस्त की रात से मौसम बदलेगा। पंचकूला, अंबाला और यमुनानगर में भारी बारिश का यलो अलर्ट, 21 अगस्त को फिर सक्रिय होगा मानसून।
3 जिलों में भारी बारिश का यलो अलर्ट, 17 अगस्त की रात से बदलेगा मौसम
➤ साइक्लोनिक सरकुलेशन से बढ़ेगी मानसूनी हवाओं की सक्रियता, 21 अगस्त को फिर तेज बारिश
➤ हिसार 37.5°C के साथ सबसे गर्म, भिवानी में सबसे कम 24.0°C न्यूनतम तापमान
हरियाणा में एक बार फिर मानसून सक्रिय होने जा रहा है। मानसून टर्फ की उत्तरी सीमा और उत्तरी हरियाणा के ऊपर बनने जा रहे साइक्लोनिक सरकुलेशन के कारण प्रदेश में मानसूनी हवाओं की सक्रियता बढ़ने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) और चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU) हिसार के अनुसार, 17 अगस्त की रात से मौसम में बदलाव शुरू होगा।
मौसम विभाग के अनुसार, 20 अगस्त के दौरान हरियाणा के कई हिस्सों में बादल छाए रहने और बारिश होने की संभावना है। आज प्रदेश के उत्तरी और दक्षिणी-पूर्वी जिलों में बारिश का असर देखने को मिलेगा। पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल और करनाल में तेज बारिश हो सकती है।
इनके अलावा सोनीपत, पानीपत, रोहतक, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद, नूंह, पलवल, रेवाड़ी और महेंद्रगढ़ में हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं। वहीं सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी और चरखी दादरी में कहीं-कहीं छिटपुट बूंदाबांदी और हल्की बारिश हो सकती है।
मौसम विभाग ने पंचकूला, अंबाला और यमुनानगर में भारी बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। इससे पहले हरियाणा के कई इलाकों में चार दिन पहले भी अच्छी बारिश हुई थी।
21 अगस्त से फिर रफ्तार पकड़ेगा मानसून
मौसम विभाग के अनुसार, 19 और 20 अगस्त को बारिश की गतिविधियों में थोड़ी कमी आ सकती है। इस दौरान राज्य के ज्यादातर इलाकों में हल्की से मध्यम या छिटपुट बारिश देखने को मिलेगी। इसके बाद 21 अगस्त से प्रदेश में मानसून एक बार फिर रफ्तार पकड़ेगा।
21 अगस्त को उत्तरी, दक्षिणी और मध्य हरियाणा के ज्यादातर जिलों में भारी बारिश का यलो अलर्ट जारी किया गया है। भिवानी, चरखी दादरी, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद, नूंह, पलवल, अंबाला, पंचकूला और यमुनानगर सहित कई जिलों में तेज वर्षा होने की संभावना जताई गई है।
पंजाब से गुजर रही टर्फ रेखा
कृषि मौसम विज्ञान विभाग, चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के अनुसार, मानसून टर्फ की अक्षय रेखा की उत्तरी सीमा अमृतसर, लुधियाना, मुरादाबाद, लखनऊ, वाराणसी, उत्तर ओड़िशा से होती हुई उत्तर-पूर्वी बंगाल की खाड़ी तक बनी हुई है।
उनके अनुसार, इसके साथ ही एक साइक्लोनिक सरकुलेशन उत्तरी हरियाणा के ऊपर बनने जा रहा है। इससे मानसूनी हवाओं की सक्रियता बढ़ेगी।
डॉ. मदन खीचड़ के अनुसार, 17 अगस्त की रात्रि से 20 अगस्त के दौरान विशेषकर उत्तरी जिलों में हवाओं और गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। पश्चिमी और दक्षिणी जिलों में कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है।
हिसार सबसे गर्म, भिवानी की रात सबसे ठंडी
मौसम विभाग के अनुसार, हरियाणा का औसतन अधिकतम तापमान सामान्य के करीब दर्ज किया गया है। प्रदेश में सबसे अधिक अधिकतम तापमान हिसार में 37.5°C दर्ज हुआ।
इसके अलावा फरीदाबाद में 36.7°C, नूंह व पलवल में 36.2°C, भिवानी में 36.0°C, नारनौल में 35.5°C और रोहतक में 35.4°C तापमान दर्ज किया गया।
वहीं प्रदेश में औसतन न्यूनतम तापमान में 0.6°C की गिरावट दर्ज की गई है। यह सामान्य के आसपास रहा। राज्य में सबसे कम न्यूनतम तापमान भिवानी में 24.0°C दर्ज हुआ।
करनाल में न्यूनतम तापमान 24.2°C और नारनौल में 24.5°C रहा। दूसरी ओर सबसे गर्म रात नूंह में 28.3°C, गुरुग्राम में 28.0°C और रोहतक में 27.8°C दर्ज की गई।
pooja