पोस्टर से फोटो गायब... CM के कार्यक्रम में बिना अंदर गए लौटे कुलदीप बिश्नोई
हिसार की गुरु जम्भेश्वर यूनिवर्सिटी में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के कार्यक्रम के दौरान पोस्टर से कुलदीप बिश्नोई की तस्वीर गायब होने को लेकर विवाद खड़ा हो गया। कुलदीप कार्यक्रम में शामिल हुए बिना लौट गए, जबकि नलवा विधायक रणधीर पनिहार का सम्मान भी छूट गया।
➤ GJU के कार्यक्रम में पहले पोस्टर पर लगी थी कुलदीप बिश्नोई की तस्वीर, बाद में बदला गया पोस्टर
➤ ऑडिटोरियम में कुर्सी और मुख्य वक्ताओं में नाम होने के बावजूद कार्यक्रम में नहीं हुए शामिल
➤ नलवा विधायक रणधीर पनिहार का सम्मान भी रह गया, बाद में पटका पहनाने पहुंचे कुलपति
हिसार। हरियाणा के हिसार स्थित गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (GJU) में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के कार्यक्रम के दौरान रविवार को राजनीतिक और प्रोटोकॉल से जुड़ा विवाद सामने आया। कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे भाजपा नेता कुलदीप बिश्नोई ऑडिटोरियम में प्रवेश किए बिना ही वापस लौट गए। बताया जा रहा है कि कार्यक्रम के मंच पर लगे पोस्टर में पहले उनकी तस्वीर शामिल थी, लेकिन बाद में बदले गए पोस्टर से उनकी तस्वीर गायब थी। सूत्रों के मुताबिक, समर्थकों से इसकी जानकारी मिलने के बाद कुलदीप बिश्नोई कार्यक्रम में शामिल हुए बिना लौट गए। हालांकि उनके निजी सचिव ने इसकी अलग वजह बताते हुए कहा कि कुलदीप बिश्नोई को दिल्ली जाना था और कार्यक्रम निर्धारित समय से देरी से शुरू होने के कारण वे वापस चले गए।
पहले पोस्टर पर तस्वीर, बाद में बदले पोस्टर से गायब
कार्यक्रम से जुड़ी जानकारी के अनुसार, शुरुआत में मंच पर लगाए गए पोस्टर पर कुलदीप बिश्नोई की तस्वीर मौजूद थी, लेकिन बाद में पोस्टर बदल दिया गया। नए पोस्टर में उनकी तस्वीर दिखाई नहीं दी।
बताया जा रहा है कि कुलदीप बिश्नोई कार्यक्रम स्थल तक पहुंचे थे। ऑडिटोरियम में उनके लिए अलग कुर्सी भी लगाई गई थी और उनका नाम मुख्य वक्ताओं में शामिल था, लेकिन वह अंदर नहीं पहुंचे। सूत्रों का दावा है कि समर्थकों ने उन्हें पोस्टर से तस्वीर हटने की जानकारी दी, जिसके बाद वे वापस लौट गए।
कुलदीप की कुर्सी पर बैठे पूर्व विधायक दुड़ाराम
कुलदीप बिश्नोई के कार्यक्रम में शामिल नहीं होने के बाद उनकी निर्धारित कुर्सी पर उनके चचेरे भाई और पूर्व विधायक दुड़ाराम बैठे नजर आए।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने दुड़ाराम से कुलदीप बिश्नोई के नहीं आने का कारण भी पूछा। इस पर दुड़ाराम ने मुख्यमंत्री से बातचीत कर उन्हें कुछ जानकारी दी। इसके बाद मुख्यमंत्री मुस्कुराते नजर आए, हालांकि उन्होंने सार्वजनिक रूप से इस मामले पर कोई टिप्पणी नहीं की।
निजी सचिव ने बताई अलग वजह
कुलदीप बिश्नोई के निजी सचिव मोहित ने नाराजगी की चर्चाओं से अलग कारण बताया। उनके अनुसार, कुलदीप बिश्नोई को दिल्ली के लिए रवाना होना था और कार्यक्रम निर्धारित समय से देरी से शुरू हुआ।
इसी वजह से वह कार्यक्रम स्थल से बाहर से ही वापस लौट गए। ऐसे में कुलदीप बिश्नोई के लौटने को लेकर दो अलग-अलग बातें सामने आ रही हैं। एक ओर पोस्टर से तस्वीर गायब होने के कारण नाराजगी की चर्चा है, वहीं दूसरी ओर उनके निजी सचिव ने दिल्ली जाने और कार्यक्रम में देरी को इसकी वजह बताया है।
रणधीर पनिहार का सम्मान भी रह गया
कार्यक्रम के दौरान एक और घटनाक्रम चर्चा में रहा। मंच पर मौजूद मंत्रियों और विधायकों का पटका और स्मृति चिह्न देकर सम्मान किया जा रहा था, लेकिन इस दौरान नलवा विधायक रणधीर सिंह पनिहार का नाम छूट गया।
बाद में मंच से घोषणा की गई कि विधायक का सम्मान रह गया है। इसके बाद कुलपति नरसी राम बिश्नोई उन्हें पटका पहनाने पहुंचे, लेकिन पनिहार ने पटका पहनने के बजाय उसे हाथ में लेकर अपने पास रख लिया। इस दौरान वह नाराज नजर आए।
कुलपति बोले— मुझे जानकारी नहीं
मामले को लेकर GJU के कुलपति नरसी राम बिश्नोई ने कहा कि उन्हें इस बारे में जानकारी नहीं है। उन्होंने इतना कहा कि कुलदीप बिश्नोई उद्घाटन कार्यक्रम में आए थे।
इस घटनाक्रम के बाद राजनीतिक हलकों में कुलदीप बिश्नोई की नाराजगी को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि कुलदीप बिश्नोई की ओर से इस मामले में सीधे तौर पर कोई सार्वजनिक बयान सामने नहीं आया है।
42 दिनों में चौथी मुलाकात का था मौका
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और कुलदीप बिश्नोई के बीच हाल के दिनों में लगातार मुलाकातें हुई हैं। पिछले करीब 42 दिनों में दोनों नेताओं की तीन मुलाकातें हो चुकी थीं और GJU का यह कार्यक्रम चौथी मुलाकात का अवसर माना जा रहा था।
मुख्यमंत्री 1 जून को दिल्ली स्थित कुलदीप बिश्नोई के आवास पहुंचे थे। इसके बाद 3 जून को उन्होंने आदमपुर में पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी भजनलाल की पुण्यतिथि पर आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लिया था। 15 जून को कुलदीप बिश्नोई और उनके परिवार ने चंडीगढ़ स्थित मुख्यमंत्री आवास पर नायब सिंह सैनी से मुलाकात की थी।
पहले भी सामने आ चुकी हैं नाराजगी की चर्चाएं
कुलदीप बिश्नोई को लेकर इससे पहले भी कई मौकों पर भाजपा नेतृत्व से नाराजगी की चर्चाएं सामने आ चुकी हैं। 2024 के लोकसभा चुनाव में हिसार से टिकट नहीं मिलने के बाद उनके चुनाव प्रचार से दूरी बनाने की चर्चा हुई थी।
पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी भजनलाल को लेकर राजनीतिक नेताओं की टिप्पणियों पर भी बिश्नोई परिवार नाराजगी जता चुका है। ऐसे में GJU कार्यक्रम का ताजा घटनाक्रम एक बार फिर राजनीतिक चर्चाओं का विषय बन गया है।
Akhil Mahajan