केंद्र ने सत्य पाल जैन को फिर सौंपी बड़ी जिम्मेदारी, पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट में ASG का कार्यकाल 3 महीने बढ़ा

केंद्र सरकार ने वरिष्ठ अधिवक्ता सत्य पाल जैन को पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट में अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल पद पर तीन महीने के लिए फिर से नियुक्त किया है। नया कार्यकाल 1 जुलाई 2026 से प्रभावी होगा।

केंद्र ने सत्य पाल जैन को फिर सौंपी बड़ी जिम्मेदारी, पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट में ASG का कार्यकाल 3 महीने बढ़ा

सत्य पाल जैन को अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल पद पर तीन महीने का विस्तार

1 जुलाई 2026 से नया कार्यकाल हुआ प्रभावी

2015 से लगातार पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट में केंद्र सरकार की पैरवी कर रहे हैं


केंद्र सरकार ने पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट में भारत के अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल (Additional Solicitor General) के पद पर वरिष्ठ अधिवक्ता सत्य पाल जैन की पुनर्नियुक्ति कर दी है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उनकी नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। उनका नया कार्यकाल 1 जुलाई 2026 से प्रभावी होगा और अगले तीन महीने तक जारी रहेगा।

सत्य पाल जैन वर्ष 2015 से लगातार पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट में केंद्र सरकार की ओर से महत्वपूर्ण मामलों की पैरवी कर रहे हैं। उनका पिछला कार्यकाल 30 जून 2026 को समाप्त हो गया था। अब केंद्र सरकार ने उनके अनुभव और सेवाओं को देखते हुए उन्हें तीन महीने का नया विस्तार दिया है।

केंद्र सरकार द्वारा जारी आदेश के अनुसार, इलाहाबाद हाई कोर्ट के अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल शशि प्रकाश सिंह और पटना हाई कोर्ट के अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल कृष्ण नंदन सिंह की भी तीन महीने के लिए पुनर्नियुक्ति की गई है।

गौरतलब है कि पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के लिए अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल का पद दिसंबर 2014 में सृजित किया गया था। इसके बाद अप्रैल 2015 में सत्य पाल जैन इस पद पर नियुक्त होने वाले पहले कानून अधिकारी बने थे।

तब से लेकर अब तक वह केंद्र सरकार की ओर से हाई कोर्ट में कई महत्वपूर्ण संवैधानिक, प्रशासनिक और जनहित से जुड़े मामलों में प्रभावी पैरवी करते रहे हैं। लगातार मिल रहे कार्यकाल विस्तार को उनके अनुभव और कानूनी विशेषज्ञता से जोड़कर देखा जा रहा है।