खनौरी बॉर्डर से डल्लेवाल का बड़ा बयान: CM सैनी से मीटिंग से इनकार, बोले- ट्रेड डील पर बात दिल्ली में केंद्र से होगी

खनौरी बॉर्डर से जगजीत सिंह डल्लेवाल ने कहा कि गिरफ्तार किसान साथियों को छोड़ा जा रहा है और ट्रेड डील पर केंद्र सरकार से दिल्ली में बात होगी।

खनौरी बॉर्डर से डल्लेवाल का बड़ा बयान: CM सैनी से मीटिंग से इनकार, बोले- ट्रेड डील पर बात दिल्ली में केंद्र से होगी

गिरफ्तार किसानों को छोड़ा जा रहा, डल्लेवाल ने दी जानकारी
हरियाणा CM नायब सैनी से मीटिंग का प्रस्ताव किया खारिज
ट्रेड डील का मुद्दा, केंद्र सरकार से दिल्ली जाकर होगी बात


खनौरी बॉर्डर: किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल ने खनौरी बॉर्डर से प्रेस कॉन्फ्रेंस कर किसानों के आंदोलन और आगे की रणनीति को लेकर बड़ा बयान दिया है। डल्लेवाल ने बताया कि गिरफ्तार किए गए किसान साथियों को छोड़ा जा रहा है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की ओर से मीटिंग का प्रस्ताव आया था, लेकिन उन्होंने इस प्रस्ताव को मना कर दिया है।

डल्लेवाल ने कहा कि किसानों का मुख्य मुद्दा ट्रेड डील है। ऐसे में इस मुद्दे पर बातचीत हरियाणा सरकार के साथ नहीं, बल्कि केंद्र सरकार के साथ होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि मुद्दा ट्रेड डील से जुड़ा है तो किसान इस संबंध में बात करने के लिए दिल्ली जाकर केंद्र सरकार से बातचीत करेंगे।

खनौरी बॉर्डर से हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में डल्लेवाल ने आंदोलन की मौजूदा स्थिति के बारे में भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आंदोलन से जुड़े जिन साथियों को गिरफ्तार किया गया था, उन्हें अब छोड़ा जा रहा है। ऐसे में किसानों के बीच बनी स्थिति में कुछ बदलाव आया है।

CM सैनी की मीटिंग का प्रस्ताव ठुकराया

डल्लेवाल ने बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से मुलाकात का प्रस्ताव आया था, लेकिन उन्होंने इसे स्वीकार नहीं किया। उनके अनुसार, किसानों का मुद्दा राज्य सरकार से संबंधित नहीं है। जब मांग और विरोध का केंद्र भारत-अमेरिका ट्रेड डील है, तो इस पर बातचीत केंद्र सरकार के स्तर पर ही होनी चाहिए।

उन्होंने साफ किया कि किसानों की बातचीत का रास्ता दिल्ली की ओर होगा। यानी किसान इस मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार के सामने अपनी बात रखने की तैयारी में हैं।

ट्रेड डील पर केंद्र से बातचीत की बात

डल्लेवाल के बयान में सबसे अहम बात यह रही कि उन्होंने आंदोलन के मुद्दे को स्पष्ट तौर पर ट्रेड डील से जोड़ा। उन्होंने कहा कि यदि मामला ट्रेड डील का है तो इसका समाधान हरियाणा सरकार के साथ बातचीत से नहीं होगा। इसके लिए केंद्र सरकार के साथ बातचीत जरूरी है।

ऐसे में खनौरी बॉर्डर से डल्लेवाल का यह बयान आंदोलन की आगे की दिशा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि किसानों की ओर से दिल्ली जाने और केंद्र सरकार से बातचीत को लेकर आगे क्या कदम उठाया जाता है।

खनौरी बॉर्डर से आगे की रणनीति पर नजर

इस बीच खनौरी बॉर्डर पर किसान आंदोलन से जुड़ी गतिविधियां जारी हैं। डल्लेवाल की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद अब किसानों की अगली रणनीति पर निगाहें टिक गई हैं। खास तौर पर यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि केंद्र सरकार के साथ बातचीत के लिए किसानों की ओर से क्या पहल की जाती है और सरकार की ओर से इस पर क्या प्रतिक्रिया आती है।

डल्लेवाल ने अपने बयान में फिलहाल हरियाणा सरकार के साथ बैठक के बजाय केंद्र सरकार से दिल्ली में बातचीत को प्राथमिकता देने की बात कही है। इससे आंदोलन के अगले चरण को लेकर तस्वीर कुछ हद तक स्पष्ट हुई है।