अफगानिस्तान-पाकिस्तान में खुला सैन्य टकराव, दोनों ओर भारी नुकसान के दा, ख्वाजा आसिफ का ऐलान- अब खुला युद्ध

अफगानिस्तान ने 55 पाकिस्तानी सैनिक मारने का दावा किया है, जबकि पाकिस्तान ने जवाबी एयरस्ट्राइक में 133 तालिबान लड़ाकों को ढेर करने की बात कही है। रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने इसे खुला युद्ध बताया।

अफगानिस्तान-पाकिस्तान में खुला सैन्य टकराव, दोनों ओर भारी नुकसान के दा, ख्वाजा आसिफ का ऐलान- अब खुला युद्ध

अफगानिस्तान का दावा 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे, 23 शव कब्जे में
PAK ऑपरेशन ‘गजब लिल हक’ में 133 तालिबान लड़ाके मारने का दावा
रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ बोले- अब खुला युद्ध छिड़ गया


अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच सीमा पर जारी तनाव अब खुले सैन्य टकराव में बदलता नजर आ रहा है। गुरुवार देर रात अफगानिस्तान की ओर से पाकिस्तान पर बड़ा हमला किए जाने का दावा किया गया। अफगान मीडिया नेटवर्क TOLO News के मुताबिक तालिबान के प्रवक्ता Zabihullah Mujahid ने कहा कि इस कार्रवाई में 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। यह हमला 22 फरवरी को अफगानिस्तान के भीतर पाकिस्तानी एयरस्ट्राइक के जवाब में किया गया।

अफगान सरकार का दावा है कि 23 पाकिस्तानी सैनिकों के शव उसके कब्जे में हैं और कई अन्य को जिंदा पकड़ा गया है। साथ ही, एक पाकिस्तानी सैन्य हेडक्वॉर्टर और 19 चौकियों पर कब्जा करने की बात भी कही गई है। अफगान रक्षा मंत्रालय के अनुसार, पाकिस्तान की कार्रवाई में उनके 8 लोगों की मौत हुई और 11 घायल हुए, जिसके बाद काउंटर-ऑपरेशन चलाया गया।पाकिस्तानी हमले में मारे गए लोगों के परिजन से मिलते अफगान सैनिक।

वहीं दूसरी ओर पाकिस्तान ने भी जवाबी कार्रवाई तेज कर दी है। पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सरकार ने ‘ऑपरेशन गजब लिल हक’ शुरू किया है। पाकिस्तान वायुसेना ने Kabul, Kandahar और Paktika Province समेत कई इलाकों में एयरस्ट्राइक की। पाकिस्तान का दावा है कि इन हमलों में 133 अफगान तालिबान लड़ाके मारे गए और 200 से अधिक घायल हुए हैं। 27 तालिबान चौकियां तबाह और 9 पर कब्जा करने की बात कही गई है।

पाकिस्तान के रक्षा मंत्री Khawaja Asif ने कड़ा बयान देते हुए कहा कि हमारे सब्र की सीमा पार हो चुकी है और अब यह खुला युद्ध है। वहीं प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif के प्रवक्ता ने भी बड़े पैमाने पर तालिबान ठिकानों को ध्वस्त करने का दावा किया है।

सीमा से सटे नंगरहार, नूरिस्तान, कुनार, खोस्त, पक्तिया और पक्तिका जैसे इलाकों में संघर्ष की खबरें जारी हैं। डूरंड लाइन के पास कई चौकियों पर दोनों ओर से भारी फायरिंग हुई है। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, कई गांवों में दहशत का माहौल है और नागरिक सुरक्षित स्थानों की ओर जा रहे हैं।

पाकिस्तान ने पिछले साल 9 अक्टूबर को काबुल में रिहायशी इलाके में एयरस्ट्राइक की थी।

22 फरवरी को पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के भीतर हवाई हमले किए थे। पाकिस्तान का कहना था कि यह कार्रवाई पाकिस्तानी तालिबान (TTP) और इस्लामिक स्टेट से जुड़े ठिकानों पर खुफिया जानकारी के आधार पर की गई। इसके बाद से दोनों देशों के बीच हालात लगातार बिगड़ते गए।

अफगान डिफेंस फोर्सेज के सैनिक हाल ही में नंगरहार प्रांत के बेहसूद जिले में उन परिवारों से मिले, जिनके सदस्य पाकिस्तानी हमले में मारे गए थे। बताया गया कि एक परिवार में अधिकांश लोग मारे गए और केवल एक नाबालिग बच्चा ही जीवित बचा। सैनिकों ने संवेदना व्यक्त करते हुए जवाबी कार्रवाई का भरोसा दिया।

दोनों देशों के दावों में भारी अंतर है और स्वतंत्र पुष्टि सीमित है, लेकिन यह स्पष्ट है कि हालात बेहद गंभीर हो चुके हैं। यदि कूटनीतिक प्रयास तेज नहीं हुए तो यह टकराव क्षेत्रीय स्थिरता के लिए बड़ा खतरा बन सकता है।