Video: दुबई एयर शो में तेजस फाइटर जेट क्रैश, हादसे के बाद मचा हड़कंप

दुबई एयर शो में भारतीय तेजस फाइटर जेट डेमो उड़ान के दौरान क्रैश हो गया। धमाके के बाद काला धुआं उठा। पायलट के इजेक्ट होने की पुष्टि नहीं, क्षेत्र सील कर जांच शुरू।

Video: दुबई एयर शो में तेजस फाइटर जेट क्रैश, हादसे के बाद मचा हड़कंप
  • दुबई एयर शो में प्रदर्शन के दौरान भारतीय फाइटर जेट तेजस क्रैश

  • विमान जमीन से टकराते ही जोरदार धमाका, काला धुआं उठा

  • पायलट के इजेक्ट होने की अभी तक पुष्टि नहीं, क्षेत्र सील कर जांच शुरू



दुबई एयर शो में शुक्रवार दोपहर भारतीय स्वदेशी लड़ाकू विमान तेजस बड़ा हादसा का शिकार हो गया। स्थानीय समय के अनुसार दोपहर 2:10 बजे तेजस अपनी डेमो उड़ान के दौरान अचानक अनियंत्रित हो गया और नीचे गिरकर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। विमान के टकराते ही जोरदार धमाका हुआ और कुछ ही पलों में काले धुएं का गुबार आसमान में फैल गया।

हादसे के तुरंत बाद शो में मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई। बड़ी संख्या में उपस्थित दर्शकों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे। सुरक्षा एजेंसियों ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया, लेकिन अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि पायलट समय रहते इजेक्ट कर पाए या नहीं।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हादसे के बाद कुछ ही मिनटों में हेलिकॉप्टर और फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं। लगभग 45 मिनट की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। हालांकि एयर शो दोबारा शुरू होगा या नहीं, इस बारे में अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।

एयर शो प्रबंधन ने दुर्घटना वाले क्षेत्र को तत्काल बंद कर दिया और सभी उड़ान कार्यक्रम अस्थायी रूप से रोक दिए। हादसे के कारणों को जानने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। भारतीय पक्ष भी लगातार संपर्क में है और सभी जानकारी जुटा रहा है।

दुबई वर्ल्ड सेंट्रल में आयोजित यह एयर शो इस बार ‘द फ्यूचर इज हियर’ थीम पर आधारित है। 17 से 21 नवंबर तक हो रहे इस आयोजन में 200 से अधिक विमानों का रिकॉर्ड प्रदर्शन किया जा रहा है। दुनिया के 115 देशों से आए सैन्य और नागरिक प्रतिनिधिमंडल इसमें हिस्सा ले रहे हैं।

तेजस भारतीय वायुसेना का पूरी तरह स्वदेशी और हल्का लड़ाकू विमान है, जिसे हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने विकसित किया है। यह 4.5 जनरेशन का फाइटर जेट है, जो सुपरसोनिक गति से उड़ने में सक्षम है। इसकी उन्नत तकनीक, हथियार प्रणाली और फुर्ती इसे भारतीय रक्षा क्षमता का महत्वपूर्ण प्रतीक बनाती है।