बढ़ रहे केसों के बावजूद जनता का न्यायपालिका पर अटूट भरोसा: CJI

रोहतक दौरे पर सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने एमडीयू में गेट नंबर तीन का उद्घाटन किया और न्यायपालिका पर जनता के भरोसे को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि बढ़ते मामलों से स्पष्ट है कि लोगों का विश्वास कायम है।

बढ़ रहे केसों के बावजूद जनता का न्यायपालिका पर अटूट भरोसा: CJI

➤ एमडीयू में गेट नंबर तीन का उद्घाटन, पुराने छात्र के रूप में जताया गर्व
➤ युवाओं से जूडिशियरी, राजनीति और सिविल सर्विस में आगे बढ़ने का आह्वान
➤ बोले बढ़ते केस बताते हैं कि जनता का न्यायपालिका पर भरोसा कायम


देश के सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत अपने एक दिवसीय दौरे पर रोहतक पहुंचे, जहां उनका भव्य स्वागत किया गया। सबसे पहले उन्होंने महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के गेट नंबर तीन का उद्घाटन किया, जिसे उनके नाम से समर्पित किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि एमडीयू से उनका भावनात्मक जुड़ाव रहा है क्योंकि उन्होंने यहीं से एलएलबी की पढ़ाई पूरी की थी। अपने पुराने परिसर में लौटकर उन्होंने इसे गौरव और आत्मीयता का क्षण बताया।

मुख्य न्यायाधीश ने मीडिया से बातचीत में कहा कि रोहतक आना उनके लिए विशेष खुशी का विषय है। उन्होंने अपने छात्र जीवन को याद करते हुए कहा कि इसी धरती से उन्होंने कानून की पढ़ाई शुरू की और आज देश के सर्वोच्च न्यायिक पद तक पहुंचना एक लंबा, संघर्षपूर्ण और अनुशासित सफर रहा है। हरियाणा से पहले सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस बनने के सवाल पर उन्होंने इसे पूरे प्रदेश और खासकर युवाओं के लिए प्रेरणा का विषय बताया।

उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे न्यायपालिका, राजनीति और सिविल सेवा सहित हर क्षेत्र में मेहनत और समर्पण के साथ आगे बढ़ें। उनका कहना था कि देश का कोई भी युवा अपनी मेहनत और लगन से सर्वोच्च पदों तक पहुंच सकता है। उन्होंने विशेष रूप से कहा कि लक्ष्य बड़ा रखें और निरंतर प्रयास करते रहें, सफलता अवश्य मिलेगी।

न्यायपालिका पर जनता के घटते विश्वास के सवाल पर मुख्य न्यायाधीश ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि विश्वास कम होता तो अदालतों में मामलों की संख्या लगातार नहीं बढ़ती। उन्होंने कहा कि आज भी जब कोई विवाद या समस्या होती है तो लोग कहते हैं कि कोर्ट में देख लेंगे, यह इस बात का प्रमाण है कि न्यायपालिका पर जनता का भरोसा कायम है। अदालतों में बढ़ते मामलों को उन्होंने जनता के विश्वास का संकेत बताया।

रोहतक बार एसोसिएशन में भी उनका कार्यक्रम रहा, जहां अधिवक्ताओं ने उनका स्वागत किया और उनके अनुभवों से सीखने का अवसर प्राप्त किया। पूरे दौरे के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे और विश्वविद्यालय परिसर में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला।