‘मेरी जवानी और बेडरूम के सपने मत देखिए’, रामदेव पर भड़कीं कंगना

कंगना रनोट ने बाबा रामदेव की ‘जेनरेशन गटर’ टिप्पणी पर तीखा पलटवार किया। कंगना ने कहा कि मेरी जवानी या बेडरूम के बारे में सपने मत देखिए और चरित्र पर भी जवाब दिया।

‘मेरी जवानी और बेडरूम के सपने मत देखिए’, रामदेव पर भड़कीं कंगना

कंगना ने रामदेव की टिप्पणी पर किया पलटवार
बोलीं- मेरी जवानी और बेडरूम के सपने मत देखिए
रामदेव ने कंगना के ‘जेनरेशन गटर’ बयान को बताया था बिगड़े दिमाग की निशानी


कंगना रनोट और बाबा रामदेव के बीच ‘जेनरेशन गटर’ वाले बयान को लेकर शुरू हुआ विवाद अब व्यक्तिगत टिप्पणियों तक पहुंच गया है। बाबा रामदेव की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए एक्ट्रेस और बीजेपी सांसद कंगना रनोट ने सोशल मीडिया के जरिए तीखा पलटवार किया। कंगना ने कहा कि बाबा जी उनकी जवानी या बेडरूम के बारे में सपने न देखें। उन्होंने अपने जवाब में रामदेव के पुराने विवादों और मेडिकल दावों से जुड़े मामलों का भी जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें चरित्र का पाठ पढ़ाने की जरूरत नहीं है।

कंगना ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी में लिखा कि उनकी जवानी या बेडरूम के बारे में डे-ड्रीम करना ठीक नहीं है। उन्होंने कहा कि कोई व्यक्ति केवल अफवाहों और गॉसिप के आधार पर इस तरह की सोच रख सकता है। कंगना ने आगे रामदेव पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें कभी सुप्रीम कोर्ट से झूठे या फर्जी मेडिकल दावों को लेकर फटकार नहीं लगी। इसी आधार पर उन्होंने कहा कि उन्हें चरित्र का पाठ नहीं पढ़ाया जाना चाहिए और उनका चरित्र रामदेव से बेहतर है।

‘जेनरेशन गटर’ बयान से शुरू हुआ विवाद

दरअसल, पूरा विवाद कंगना रनोट के ‘जेनरेशन गटर’ वाले बयान से शुरू हुआ था। कंगना ने हाल ही में युवा हिंदू महिलाओं के व्यवहार और उनकी जीवनशैली को लेकर एक इंस्टाग्राम स्टोरी पोस्ट की थी। इसमें उन्होंने उन महिलाओं पर टिप्पणी की थी, जो स्वतंत्र और करियर बनाने वाली महिलाओं की जिंदगी की नकल करना चाहती हैं, लेकिन उस आजादी के लिए जरूरी जिम्मेदारियां उठाना नहीं चाहतीं।

कंगना ने अपने बयान में स्वतंत्र महिलाओं को विद्रोही फैसले लेने वाली, बेबाक राय रखने वाली और परंपराओं से हटकर करियर चुनने वाली बताया था। उन्होंने कहा था कि ऐसी महिलाएं अपने फैसलों की जिम्मेदारी खुद उठाती हैं और अपने माता-पिता या परिवार की कीमत पर अपना जीवन नहीं जीतीं। इसी टिप्पणी को लेकर उन्होंने भारतीय महिलाओं की नई पीढ़ी के लिए ‘जनरेशन गटर’ शब्द का इस्तेमाल किया था।

बाबा रामदेव ने कंगना के बयान पर जताई थी नाराजगी

कंगना के इस बयान पर बाबा रामदेव ने तीखी प्रतिक्रिया दी थी। टीवी 9 भारतवर्ष के साथ बातचीत में उन्होंने कंगना के ‘जेनरेशन गटर’ वाले बयान को गलत बताते हुए कहा था कि किसी भी देश के युवाओं को इस तरह के शब्दों से संबोधित करना बिगड़े हुए दिमाग की निशानी है।

रामदेव ने कंगना की योग में रुचि और उनकी प्रशंसा से जुड़े सवाल पर भी प्रतिक्रिया दी थी। उन्होंने कहा था कि अगर कोई उनकी या योग की प्रशंसा करता है, तो इसका मतलब यह नहीं कि वह उसके कथित गुनाहों पर लीपापोती करेंगे।

रामदेव ने यह भी कहा था कि युवा किसी एक जाति से नहीं है। उनके मुताबिक युवाओं में ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य, दलित, आदिवासी-वनवासी और SC-ST समेत सभी वर्गों के लोग शामिल हैं और युवा अपने आप में बहुत बड़ी ताकत है।

कंगना ने पलटवार में चरित्र पर उठाया सवाल

रामदेव की इन्हीं टिप्पणियों के बाद कंगना ने सोशल मीडिया पर पलटवार किया। उन्होंने अपनी पोस्ट में रामदेव को सीधे संबोधित करते हुए कहा कि उन्हें उनकी निजी जिंदगी और बेडरूम के बारे में सपने नहीं देखने चाहिए।

कंगना ने अपने जवाब में रामदेव के खिलाफ लगे पुराने आरोपों और मेडिकल दावों से जुड़े विवादों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि उन्हें चरित्र का पाठ पढ़ाने की जरूरत नहीं है। कंगना ने अपने जवाब को बेहद व्यक्तिगत अंदाज में रखते हुए कहा कि उनका चरित्र रामदेव से बेहतर है।

दोनों के बयान के बाद विवाद और बढ़ा

कंगना और रामदेव के बीच हुई यह जुबानी जंग सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बन गई है। विवाद की शुरुआत कंगना की ‘जेनरेशन गटर’ टिप्पणी से हुई थी, लेकिन इसके बाद दोनों पक्षों की ओर से आए बयानों ने इसे और तीखा बना दिया।

रामदेव ने जहां कंगना के बयान को युवाओं के प्रति गलत सोच बताया, वहीं कंगना ने जवाब देते हुए रामदेव की टिप्पणी को अपनी निजी जिंदगी से जोड़कर सवाल उठाया। अब दोनों के बयानों के बाद यह विवाद राजनीतिक और मनोरंजन जगत के साथ सोशल मीडिया पर भी चर्चा में है।