टिकट के लिए 7 करोड़ लेने के आरोपों के बाद हरियाणा कांग्रेस का एक्शन, सुचित्रा देवी को पार्टी से निकाला

हरियाणा कांग्रेस ने टिकट के लिए 7 करोड़ रुपए लेने के आरोप लगाने वाली सुचित्रा देवी को पार्टी से निष्कासित कर दिया है। वहीं सुचित्रा का दावा है कि वह 19 दिन पहले ही इस्तीफा दे चुकी थीं।

टिकट के लिए 7 करोड़ लेने के आरोपों के बाद हरियाणा कांग्रेस का एक्शन, सुचित्रा देवी को पार्टी से निकाला

हरियाणा कांग्रेस ने सुचित्रा देवी को पार्टी से किया निष्कासित
बावल सीट के टिकट के लिए ₹7 करोड़ लेने का लगाया था आरोप
सुचित्रा बोलीं- मैं 19 दिन पहले ही पार्टी से इस्तीफा दे चुकी हूं


7 करोड़ के टिकट आरोपों के बाद कांग्रेस ने सुचित्रा देवी को पार्टी से निकाल दिया है। उधर, निष्कासन पर सुचित्रा ने पलटवार करते हुए कहा कि व‍ह पहले ही इस्तीफा दे चुकी हैं। बता दें कि पार्टी के सीनियर नेताओं पर टिकट के बदले करीब 7 करोड़ रुपए लेने का आरोप लगाने के बाद यह कार्रवाई की गई। महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष Pearl Chaudhary ने अनुशासनहीनता और मिथ्या आरोपों का हवाला देते हुए उनके निष्कासन के आदेश जारी किए हैं।

सुचित्रा देवी ने आरोप लगाया था कि रेवाड़ी जिले की बावल विधानसभा सीट से टिकट दिलाने के नाम पर कांग्रेस के शीर्ष नेताओं और उनके सहयोगियों ने उनसे करोड़ों रुपए लिए, लेकिन इसके बावजूद उन्हें टिकट नहीं दिया गया। हाल ही में सुचित्रा देवी और उनके पति गौरव कुमार ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर इन आरोपों को सार्वजनिक किया था, जिसके बाद यह मामला राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया।

पति ने दिल्ली पुलिस को दी शिकायत

सुचित्रा देवी के पति गौरव कुमार ने कांग्रेस नेताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए दिल्ली पुलिस कमिश्नर को तीन पेज का शिकायती पत्र भेजा है। इस पत्र में उन्होंने टिकट के लिए दिए गए पैसों का पूरा ब्यौरा देने का दावा किया है।

सूत्रों के मुताबिक पुलिस ने अभी तक औपचारिक रूप से मामला दर्ज नहीं किया है, लेकिन शिकायत मिलने के बाद प्रारंभिक स्तर पर जांच शुरू कर दी गई है। माना जा रहा है कि जल्द ही इस मामले में आगे की कार्रवाई हो सकती है।

शिकायत में कई बड़े नेताओं के नाम

गौरव कुमार की ओर से भेजे गए पत्र में कांग्रेस के कई बड़े नेताओं और उनके निजी सचिवों के नाम होने का दावा किया गया है। शिकायत के साथ व्हाट्सएप चैट और अन्य दस्तावेज भी पुलिस को भेजे गए हैं, जिनके आधार पर आरोपों की जांच की मांग की गई है। यह मामला इसलिए भी गंभीर माना जा रहा है क्योंकि इसमें टिकट वितरण में पैसों के लेन-देन के आरोप सीधे तौर पर पार्टी नेतृत्व पर लगाए गए हैं।

कांग्रेस ने बताया अनुशासनहीनता

हरियाणा महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष पर्ल चौधरी ने कहा कि सुचित्रा देवी ने पार्टी के खिलाफ सार्वजनिक मंचों पर मिथ्या आरोप लगाए और अनुशासनहीनता की है, इसलिए उन्हें पार्टी से निष्कासित किया गया है।

इससे पहले हरियाणा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष Rao Narender Singh ने भी बयान देते हुए कहा था कि विधानसभा चुनाव के करीब डेढ़ साल बाद इस तरह के आरोप सामने आना कई सवाल खड़े करता है और इससे आरोपों की गंभीरता पर भी संदेह होता है।

सुचित्रा का पलटवार- 19 दिन पहले ही इस्तीफा दे चुकी

पार्टी से निकाले जाने के बाद सुचित्रा देवी ने पलटवार करते हुए कहा कि वह 19 दिन पहले ही कांग्रेस से इस्तीफा दे चुकी हैं, इसलिए उन्हें निष्कासित करने का सवाल ही नहीं उठता।

उन्होंने महिला कांग्रेस अध्यक्ष पर्ल चौधरी पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि वह अभी कुछ साल पहले विदेश से आई हैं और उन्हें भारतीय राजनीति की समझ विकसित करने की जरूरत है। सुचित्रा ने यह भी कहा कि राजनीति में अक्सर नेताओं के परिवारों को टिकट मिल जाते हैं, लेकिन जब एक शहीद परिवार की बेटी अपना हक मांगती है तो उसे बाहर करने की बात की जाती है

इस पूरे घटनाक्रम के बाद हरियाणा कांग्रेस के भीतर टिकट वितरण और आंतरिक राजनीति को लेकर एक नई बहस शुरू हो गई है।