हरियाणा राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग पर कांग्रेस का एक्शन, 4 विधायकों को नोटिस: 7 दिन में मांगा जवाब

हरियाणा राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग के बाद कांग्रेस ने 4 विधायकों को नोटिस जारी किया है। मामले ने पार्टी के अंदरूनी विवाद को उजागर कर दिया है।

हरियाणा राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग पर कांग्रेस का एक्शन, 4 विधायकों को नोटिस: 7 दिन में मांगा जवाब

क्रॉस वोटिंग करने वाले 4 विधायकों को कारण बताओ नोटिस
विनेश फोगाट बोलीं- कुछ अपने भी जयचंद
पार्टी में बढ़ी अंदरूनी खींचतान, हाईकमान पर दबाव



हरियाणा के राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग के बाद कांग्रेस ने बड़ा एक्शन लिया है और चार विधायकों को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है। पार्टी प्रभारी बीके हरिप्रसाद ने दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि नारायणगढ़ से शैली चौधरी, पुन्हाना से मोहम्मद इलियास, हथीन से मोहम्मद इजराइल और सढ़ौरा से रेणु बाला ने क्रॉस वोटिंग की। पार्टी की अनुशासन समिति के अध्यक्ष धर्मपाल मलिक ने बताया कि सभी को 7 दिन के भीतर जवाब देने को कहा गया है।

बताया जा रहा है कि वोटिंग के दिन कुछ विधायकों की गतिविधियों पर पहले से ही संदेह था। शैली चौधरी विधानसभा गेट पर सीएम नायब सैनी से जुड़े लोगों के साथ नजर आईं, वहीं मोहम्मद इलियास वोटिंग के बाद सीएम से मिलने पहुंचे। दिलचस्प यह भी रहा कि नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा खुद इलियास को अपनी गाड़ी में विधानसभा लेकर पहुंचे थे, जिससे पहले से शक होने की चर्चा तेज हो गई।

इस पूरे मामले पर जुलाना से विधायक विनेश फोगाट ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि हर बार वार बाहर से नहीं होता, “कुछ अपने भी जयचंद होते हैं” और पार्टी को जिम्मेदारी तय कर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। उनके इस बयान से साफ है कि कांग्रेस के अंदर भी नाराजगी और अविश्वास का माहौल बना हुआ है।

उधर, कांग्रेस के ही कुछ विधायक खुलकर सामने आ गए। सिरसा के विधायक गोकुल सेतिया और नांगल चौधरी की विधायक मंजू चौधरी चंडीगढ़ में पार्टी कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए। उनका कहना था कि उनका नाम भी गलत तरीके से उछाला जा रहा है। बाद में भूपेंद्र सिंह हुड्डा मौके पर पहुंचे और दोनों को समझाकर अपने साथ ले गए।

इस बीच, चुनाव हारने वाले निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल ने भी चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं और पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट जाने की तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि वोटिंग के दौरान नियमों का उल्लंघन हुआ और कुछ वोटों को गलत तरीके से प्रभावित किया गया।

बुधवार को चंडीगढ़ में कांग्रेस कार्यालय के बाहर बैठे कांग्रेस विधायक गोकुल सेतिया और मंजू चौधरी को उठाते नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्‌डा।

वहीं, जिन विधायकों पर आरोप लगे हैं, उन्होंने खुद को निर्दोष बताया है। मोहम्मद इजराइल ने कहा कि आरोप निराधार हैं और अगर नोटिस मिलता है तो वे जवाब देंगे। रेणु बाला ने भी कहा कि उन्होंने पार्टी लाइन के अनुसार ही वोट डाला है और जल्द ही स्थिति साफ हो जाएगी।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस पूरे घटनाक्रम ने कांग्रेस के लिए मुश्किल स्थिति पैदा कर दी है। अगर पार्टी सख्ती दिखाती है तो संगठन में टूट का खतरा है और अगर नरमी बरतती है तो नेतृत्व की कमजोरी का संदेश जाएगा। ऐसे में हाईकमान के सामने “दोनों तरफ नुकसान” जैसी स्थिति बन गई है। कुल मिलाकर हरियाणा के राज्यसभा चुनाव ने कांग्रेस के अंदरूनी मतभेदों को उजागर कर दिया है और आने वाले दिनों में यह मामला और ज्यादा राजनीतिक तूल पकड़ सकता है।