अगर हरियाणा और दिल्ली से शिमला घूमने आना है तो प्रीपेड टैक्सी पड़ेगी सस्ती, जानें कैसे उठाएं सरकार की इस सेवा का लाभ
हरियाणा और दिल्ली से शिमला घूमने आने वाले पर्यटकों के लिए प्रीपेड टैक्सी सेवा उपयोगी है। जानें टूटीकंडी से बुकिंग, निर्धारित किराया और चंडीगढ़ तक की सुविधा।
शिमला में पर्यटकों के लिए शुरू हुई प्रीपेड टैक्सी सेवा से किराया रहेगा तय
➤ आईएसबीटी टूटीकंडी से 26 जगहों के अलावा चंडीगढ़ तक भी सुविधा
➤ काउंटर पर पहले किराया जमा करें, स्लिप लें और बिना किराये की बहस के सफर करें
शिमला। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला घूमने आने वाले पर्यटकों के लिए टैक्सी का किराया अब ज्यादा पारदर्शी तरीके से तय कराने की सुविधा उपलब्ध है। प्रीपेड टैक्सी सेवा के जरिए पर्यटक सफर शुरू करने से पहले ही निर्धारित किराया जमा कर सकते हैं। इससे रास्ते या गंतव्य पर पहुंचने के बाद किराये को लेकर होने वाली बहस और मनमानी की आशंका कम होती है।
यह सुविधा खासतौर पर हरियाणा, दिल्ली, चंडीगढ़ और आसपास के राज्यों से बस या अन्य माध्यमों से शिमला पहुंचने वाले पर्यटकों के लिए उपयोगी हो सकती है। हिमाचल पर्यटन की आधिकारिक जानकारी में भी शिमला में प्रीपेड टैक्सी सेवा का उल्लेख किया गया है।
मार्च से शुरू हुई सेवा
शिमला के आईएसबीटी टूटीकंडी से प्रीपेड टैक्सी सेवा मार्च 2026 में शुरू की गई थी। इसका उद्देश्य यात्रियों को निर्धारित किराये पर टैक्सी उपलब्ध कराना और किराये को लेकर होने वाले विवादों को कम करना है।
इस व्यवस्था में यात्री को सबसे पहले प्रीपेड टैक्सी काउंटर पर जाना होता है। वहां अपना गंतव्य बताने के बाद निर्धारित किराया जमा करना होता है। भुगतान के बाद यात्री को एक स्लिप दी जाती है। यही स्लिप टैक्सी चालक को दिखाकर यात्रा शुरू की जाती है।
सेवा के तहत करीब 115 टैक्सियां शामिल की गई हैं। शिमला शहर के 26 प्रमुख स्थानों के अलावा चंडीगढ़ शहर और चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए भी निर्धारित प्रीपेड सेवा उपलब्ध कराई गई है।
हरियाणा और दिल्ली से आने वालों के लिए कैसे फायदेमंद
दिल्ली और हरियाणा से बड़ी संख्या में पर्यटक बस, निजी वाहन या अन्य साधनों से शिमला पहुंचते हैं। बस से आने वाले यात्रियों के लिए टूटीकंडी आईएसबीटी पहुंचने के बाद शहर या आसपास के पर्यटन स्थलों तक टैक्सी की जरूरत पड़ सकती है।
ऐसे में सड़क किनारे या होटल के आसपास अलग-अलग टैक्सी चालकों से किराया तय करने के बजाय प्रीपेड काउंटर से निर्धारित किराये पर टैक्सी लेना सुविधाजनक विकल्प हो सकता है।
सबसे बड़ा फायदा यह है कि यात्रा शुरू होने से पहले ही किराया स्पष्ट हो जाता है। यात्री को चालक के साथ किराये को लेकर मोलभाव करने की जरूरत नहीं पड़ती।
चंडीगढ़ तक भी तय किराया
हिमाचल सरकार ने शिमला से चंडीगढ़ और चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए भी प्रीपेड टैक्सी के किराये संशोधित किए हैं।
आईएसबीटी शिमला से चंडीगढ़ शहर तक प्रीपेड टैक्सी का किराया 3,000 रुपये और मैक्सी कैब का किराया 5,000 रुपये तय किया गया है।
वहीं चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक टैक्सी का किराया 3,500 रुपये और मैक्सी कैब का किराया 5,500 रुपये निर्धारित किया गया है। ये दरें पॉइंट-टू-पॉइंट प्रीपेड सेवा के लिए अधिसूचित की गई हैं।
इसका मतलब यह है कि हरियाणा या दिल्ली से शिमला आने वाले पर्यटक यदि आगे चंडीगढ़ की ओर लौटना चाहते हैं, तो निर्धारित प्रीपेड व्यवस्था में किराये की जानकारी पहले से स्पष्ट रहती है।
शिमला के 26 स्थानों के लिए सुविधा
प्रीपेड सेवा सिर्फ लंबी दूरी के लिए नहीं है। शिमला शहर के कई प्रमुख स्थानों के लिए भी निर्धारित दरें तय की गई हैं।
उदाहरण के तौर पर आईएसबीटी टूटीकंडी से कमना देवी तक टैक्सी का किराया 350 रुपये और मैक्सी कैब का 550 रुपये है। चक्कर के लिए भी टैक्सी का किराया 350 रुपये और मैक्सी कैब का 550 रुपये निर्धारित है।
तारा हॉल के लिए टैक्सी का किराया 400 रुपये और मैक्सी कैब का 600 रुपये है। टूटू के लिए भी यही दरें बताई गई हैं। जाखू मंदिर तक टैक्सी का निर्धारित किराया 900 रुपये है।
ध्यान रखें कि अलग-अलग गंतव्यों और वाहन श्रेणी के अनुसार किराया अलग है। यात्रा से पहले काउंटर पर मौजूदा निर्धारित दर की पुष्टि करना बेहतर रहेगा।
ऐसे उठाएं प्रीपेड टैक्सी का लाभ
शिमला पहुंचने के बाद पर्यटकों को इन आसान चरणों का पालन करना होगा।
पहला: आईएसबीटी टूटीकंडी स्थित प्रीपेड टैक्सी काउंटर पर जाएं।
दूसरा: काउंटर पर अपना गंतव्य और वाहन की जरूरत बताएं।
तीसरा: निर्धारित किराया काउंटर पर जमा करें।
चौथा: भुगतान के बाद मिलने वाली स्लिप संभालकर रखें।
पांचवां: टैक्सी चालक को स्लिप दिखाकर निर्धारित गंतव्य के लिए रवाना हों।
इस व्यवस्था में चालक यात्रा पूरी करने के बाद संबंधित स्लिप काउंटर पर जमा करता है और निर्धारित प्रक्रिया के तहत भुगतान प्राप्त करता है।
होटल या सड़क से टैक्सी लेने से पहले यह बात जानें
शिमला जिला प्रशासन की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार शहर में विभिन्न स्थानों से टैक्सी उपलब्ध रहती हैं। पर्यटक आईएसबीटी, रेलवे स्टेशन और अन्य स्थानों से भी टैक्सी ले सकते हैं।
हालांकि, यदि आपको निर्धारित किराये और पारदर्शी भुगतान की सुविधा चाहिए तो प्रीपेड काउंटर उपयोगी विकल्प है। खासकर परिवार के साथ आने वाले पर्यटकों के लिए पहले से किराया तय होना यात्रा को ज्यादा सुविधाजनक बना सकता है।
दिल्ली से शिमला आने वालों के लिए एक और विकल्प
दिल्ली से सीधे टैक्सी लेकर शिमला पहुंचने के बजाय पर्यटक बस के जरिए भी शिमला आ सकते हैं। हिमाचल पर्यटन की आधिकारिक जानकारी के अनुसार एचपीटीडीसी नई दिल्ली से शिमला के लिए रोजाना वोल्वो/लक्जरी कोच सेवा संचालित करता है। दिल्ली, चंडीगढ़, गुरुग्राम और उत्तर भारत के कई प्रमुख शहरों से शिमला के लिए बस कनेक्टिविटी उपलब्ध है।
इसलिए दिल्ली या हरियाणा से आने वाले यात्रियों के लिए एक व्यावहारिक तरीका यह हो सकता है कि वे बस से शिमला पहुंचें और शहर में आगे की जरूरत के अनुसार प्रीपेड टैक्सी का इस्तेमाल करें।
किराया पहले तय, सफर में कम झंझट
प्रीपेड टैक्सी व्यवस्था का सबसे बड़ा फायदा यही है कि यात्री को सफर से पहले किराये की जानकारी मिल जाती है। भुगतान काउंटर पर होता है और उसके बाद स्लिप के आधार पर टैक्सी सेवा मिलती है।
पर्यटन सीजन में शिमला में भीड़ बढ़ने पर टैक्सी की मांग बढ़ सकती है। ऐसे समय में निर्धारित प्रीपेड व्यवस्था पर्यटकों को किराये को लेकर अनिश्चितता से बचाने में मदद कर सकती है।
जरूरी बात: प्रीपेड टैक्सी सेवा का मौजूदा आधिकारिक केंद्र आईएसबीटी टूटीकंडी, शिमला है। लंबी दूरी के लिए किराये और उपलब्धता की पुष्टि काउंटर पर यात्रा से पहले कर लें। शिमला जिला प्रशासन की वेबसाइट पर टैक्सी सेवाओं की जानकारी भी उपलब्ध है।
pooja