पानीपत में महिला डॉक्टर से 14 लाख की ठगी, इंस्टाग्राम से आरोपी गिरफ्तार
पानीपत में इंस्टाग्राम पर डॉक्टर बनकर मेडिकल छात्रा से PG एडमिशन के नाम पर 14 लाख रुपए ठगने वाले आरोपी को साइबर पुलिस ने यूपी से गिरफ्तार किया।
इंस्टाग्राम पर डॉक्टर बनकर मेडिकल छात्राओं को फंसाता था जालसाज
PG एडमिशन दिलाने के नाम पर महिला डॉक्टर से 14 लाख की ठगी
पानीपत साइबर पुलिस ने यूपी से आरोपी को गिरफ्तार किया
हरियाणा के पानीपत में साइबर ठगी का बड़ा मामला सामने आया है। मेडिकल पीजी में एडमिशन दिलाने के नाम पर महिला डॉक्टर से 14 लाख रुपए की ठगी करने वाले शातिर आरोपी को साइबर थाना पुलिस ने उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार कर लिया है।
आरोपी खुद को डॉक्टर बताकर सोशल मीडिया पर मेडिकल छात्राओं को निशाना बनाता था। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी अब तक करीब 14 से 15 लड़कियों को अपना शिकार बना चुका है।
पीड़ित महिला डॉक्टर हरसिमरन कौर ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उन्होंने वर्ष 2022 में ग्रेजुएशन पूरी की थी और वह पीजी एडमिशन की तैयारी कर रही थीं। इसी दौरान इंस्टाग्राम पर उनकी मुलाकात कथित डॉ. निखिल नाम के व्यक्ति से हुई।
आरोपी ने खुद को रसूखदार डॉक्टर बताते हुए लखनऊ के एक प्रतिष्ठित मेडिकल संस्थान में एडमिशन दिलाने का भरोसा दिलाया। उसकी बातों में आकर हरसिमरन कौर ने अलग-अलग बैंक खातों में करीब 14 लाख रुपए ट्रांसफर कर दिए।
ठगी का खुलासा तब हुआ जब पीड़िता संबंधित संस्थान पहुंची। वहां पता चला कि उनके नाम से कोई एडमिशन नहीं हुआ है और न ही डॉ. निखिल नाम का कोई व्यक्ति संस्थान में कार्यरत है। इसके बाद उन्होंने 4 मई को पानीपत पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
साइबर थाना पुलिस ने तकनीकी जांच के आधार पर आरोपी की पहचान साधू जमन निवासी कुटेसरा, मुजफ्फरनगर (उत्तर प्रदेश) के रूप में की। पुलिस ने दबिश देकर आरोपी को 6 मई को गिरफ्तार कर लिया।
कोर्ट ने आरोपी को 3 दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा था। पूछताछ पूरी होने के बाद उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी केवल मेडिकल ग्रेजुएशन कर रही या कर चुकी लड़कियों को निशाना बनाता था। आरोपी के खिलाफ वर्ष 2020 में दिल्ली में भी इसी तरह की ठगी का मामला दर्ज हुआ था। इसके अलावा उत्तराखंड के उत्तरकाशी में भी उसके खिलाफ केस दर्ज होने की जानकारी मिली है।
साइबर थाना प्रभारी दीपक ने बताया कि आरोपी के बैंक खातों में मौजूद 6 लाख रुपए की राशि को फ्रीज करवा दिया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है और बाकी रकम कहां भेजी गई।
pooja