Video: 25 दिन बाद वांगचुक का बड़ा ऐलान: 'सरकार भरोसा दे तो आज ही अनशन तोड़ दूंगा', मेदांता से जारी किया VIDEO

मेदांता अस्पताल में भर्ती सोनम वांगचुक ने वीडियो संदेश जारी कर कहा कि अगर सरकार छात्रों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करने का भरोसा देती है तो वह आज ही 25 दिनों से जारी अपना अनशन समाप्त कर देंगे।

Video: 25 दिन बाद वांगचुक का बड़ा ऐलान: 'सरकार भरोसा दे तो आज ही अनशन तोड़ दूंगा', मेदांता से जारी किया VIDEO

मेदांता अस्पताल से वीडियो जारी कर सरकार के सामने रखी सबसे बड़ी शर्त

बोले- छात्रों पर कार्रवाई नहीं होगी, भरोसा मिला तो आज ही खत्म करूंगा अनशन

जंतर-मंतर पर CJP का धरना जारी, हाईकोर्ट ने CCTV फुटेज सुरक्षित रखने को कहा


छात्रों के समर्थन में पिछले 25 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक ने बुधवार शाम गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल से वीडियो संदेश जारी कर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि "अनशन को 25 दिन हो चुके हैं, लेकिन मैं अभी भी जिंदा हूं। अगर सरकार भरोसा दे कि छात्रों के खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं होगी, तो मैं आज ही अपना अनशन खत्म करने को तैयार हूं।"

सोनम वांगचुक ने बताया कि कई सांसद उनसे मिलने आए और उन्होंने अनशन समाप्त करने की अपील की। उन्होंने कहा कि उनकी लड़ाई किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं, बल्कि छात्रों के भविष्य और निष्पक्ष व्यवस्था के लिए है।

सरकार के सामने रखी यह शर्त

वांगचुक ने स्पष्ट किया कि यदि सरकार यह भरोसा देती है कि 20 जुलाई के प्रदर्शन में शामिल छात्रों और प्रदर्शनकारियों पर कोई प्रताड़ना या कानूनी कार्रवाई नहीं होगी, तो वह तुरंत अपनी भूख हड़ताल समाप्त कर देंगे।

विपक्षी सांसदों ने भी की अपील

इससे पहले 55 विपक्षी सांसदों ने पत्र लिखकर वांगचुक से अनशन समाप्त करने की अपील की थी। इनमें आम आदमी पार्टी, राष्ट्रीय जनता दल, समाजवादी पार्टी और झारखंड मुक्ति मोर्चा के सांसद शामिल हैं।

बुधवार को कुछ विपक्षी सांसद मेदांता अस्पताल में उनसे मिलने भी पहुंचे, लेकिन सुरक्षा कारणों से उन्हें अस्पताल के गेट पर ही रोक दिया गया। इसके बाद सांसदों ने वहीं धरना दिया।

जंतर-मंतर पर प्रदर्शन जारी

उधर, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और छात्र संगठनों का जंतर-मंतर पर प्रदर्शन बुधवार को भी जारी रहा। प्रदर्शनकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने जूते-चप्पल इकट्ठा कर पुलिस कार्रवाई का विरोध भी दर्ज कराया।

हाईकोर्ट ने दिए अहम निर्देश

दिल्ली हाईकोर्ट में छात्रों से कथित मारपीट के मामले में सुनवाई के दौरान अदालत ने सरकार को निर्देश दिया कि घटना से जुड़े सभी CCTV फुटेज सुरक्षित रखे जाएं

इसी बीच दिल्ली पुलिस ने RAF जवान पर कथित हमले और सरकारी वाहन में तोड़फोड़ के मामले में एफआईआर दर्ज की है। वहीं, सुरक्षा के मद्देनजर बंद किए गए 16 मेट्रो स्टेशन शाम तक दोबारा खोल दिए गए।