‘जाट-झोट्‌टा जहां मिलेगा, वहीं लट्‌ठ मारुंगा‘ बयान पर बैठक:सोनीपत में सांड लेकर मिनी सचिवालय पहुंचे किसान; जताया विरोध

सोनीपत में ‘जाट-झोट्टा’ बयान को लेकर किसानों और जाट समाज ने झोटा लेकर प्रदर्शन किया और सचिवालय पहुंचकर कार्रवाई की मांग की।

‘जाट-झोट्‌टा जहां मिलेगा, वहीं लट्‌ठ मारुंगा‘ बयान पर बैठक:सोनीपत में सांड लेकर मिनी सचिवालय पहुंचे किसान; जताया विरोध

विवादित बयान पर किसानों का उबाल, झोटा लेकर सड़कों पर उतरे
सोनीपत में बैठक के बाद मिनी सचिवालय पहुंचकर दिया ज्ञापन
कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन तेज करने की चेतावनी


सोनीपत में बिजली विभाग के एसई गीतूराम तंवर के कथित विवादित बयान ‘जाट-झोट्टा जहां मिलेगा, वहीं लट्ठ मारूंगा’ को लेकर किसानों और जाट समाज में भारी रोष देखने को मिला। इस बयान के विरोध में छोटूराम धर्मशाला में एक बड़ी बैठक आयोजित की गई, जिसमें बड़ी संख्या में किसान और समाज के लोग शामिल हुए। बैठक में सभी ने एकजुट होकर संबंधित अधिकारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई।

सबसे अहम बात यह रही कि विरोध जताने के लिए किसानों ने अनोखा तरीका अपनाया। बैठक के बाद वे सड़कों पर ‘झोटा’ (सांड) लेकर प्रदर्शन करते हुए मिनी सचिवालय पहुंचे। इस दौरान उन्होंने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी नाराजगी खुलकर जाहिर की। किसानों का कहना था कि किसी भी समाज के खिलाफ इस तरह की टिप्पणी न केवल अपमानजनक है, बल्कि सामाजिक सौहार्द को भी नुकसान पहुंचाती है।

बैठक के बाद किसानों और जाट समाज के प्रतिनिधियों का एक दल सचिवालय पहुंचा, जहां उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मांग की गई कि संबंधित अधिकारी के खिलाफ तुरंत कानूनी कार्रवाई की जाए और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए।

ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि जाट समाज हमेशा देश सेवा, खेती और सामाजिक कार्यों में अग्रणी रहा है, इसलिए इस तरह के बयान समाज की भावनाओं को गहराई से आहत करते हैं। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और बड़ा रूप दिया जाएगा।

फिलहाल प्रशासन की ओर से मामले की जांच की बात कही जा रही है, लेकिन किसानों का कहना है कि जब तक ठोस कार्रवाई नहीं होती, उनका विरोध जारी रहेगा।