ADR रिपोर्ट पर CM सुक्खू का पलटवार, बोले- BJP कर रही बदनाम करने की कोशिश

ADR रिपोर्ट पर मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने भाजपा पर बदनाम करने का आरोप लगाया। संपत्ति, डिग्री, ED-CBI जांच और कांग्रेस छोड़ने वाले नेताओं पर भी खुलकर जवाब दिया।

ADR रिपोर्ट पर CM सुक्खू का पलटवार, बोले- BJP कर रही बदनाम करने की कोशिश

ADR रिपोर्ट पर CM सुक्खू का BJP पर पलटवार, बदनाम करने की साजिश का आरोप

मुख्यमंत्री बनने के बाद कोई नई संपत्ति नहीं खरीदी, मेहनत की कमाई बताई

कांग्रेस छोड़ने वालों को खुली छूट, बोले- बिकने वालों की पार्टी में जरूरत नहीं


शिमला। ADR रिपोर्ट को लेकर भाजपा के हमलों के बीच हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने तीखा पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि ADR रिपोर्ट के बहाने उनकी छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने कोई नई संपत्ति नहीं खरीदी है और उनकी सभी संपत्तियों का पूरा विवरण पहले ही चुनावी एफिडेविट में दर्ज है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस जमीन का जिक्र रिपोर्ट में किया जा रहा है, वह उन्होंने वर्षों पहले खरीदी थी। समय के साथ उसकी कीमत स्वाभाविक रूप से बढ़ी है और उसी जमीन पर उन्होंने अपना मकान बनाया है। उन्होंने कहा कि संपत्ति का मूल्य बढ़ना सामान्य प्रक्रिया है और इसमें कुछ भी छिपाने जैसा नहीं है। यह पूरी जानकारी पहले से सार्वजनिक रिकॉर्ड का हिस्सा है।

सुखविंदर सिंह सुक्खू ने दावा किया कि ADR रिपोर्ट में उनकी शैक्षणिक योग्यता भी सही तरीके से नहीं दिखाई गई है। उन्होंने कहा कि रिपोर्ट में उनकी एमए और एलएलबी की डिग्रियों का उल्लेख नहीं किया गया है। उन्होंने संबंधित संस्था से इस गलती को सुधारने की मांग की।

मुख्यमंत्री ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि केंद्र सरकार के पास ED और CBI जैसी एजेंसियां हैं। उनकी पहले भी जांच हो चुकी है और यदि भाजपा चाहे तो दोबारा जांच करा सकती है। उन्होंने कहा कि उन्होंने पूरी जिंदगी मेहनत और ईमानदारी से कमाई की है तथा उनकी संपत्ति को गलत तरीके से पेश करने का प्रयास किया जा रहा है।

राजनीतिक बयानबाजी के बीच मुख्यमंत्री ने कांग्रेस छोड़ने की चर्चाओं पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस का कोई विधायक भाजपा में जाना चाहता है तो वह जा सकता है। कांग्रेस को केवल विचारधारा से जुड़े लोगों की जरूरत है, बिकने वालों की नहीं। उन्होंने दावा किया कि भाजपा के कई विधायक भी टिकट के लिए कांग्रेस नेताओं के संपर्क में रहते हैं, लेकिन कांग्रेस "पेपर लीक और चंदा चोर" वाली भाजपा से किसी नेता को शामिल नहीं करेगी।

मुख्यमंत्री प्रियंका गांधी के शिक्षा मंत्री संबंधी बयान के समर्थन में भी नजर आए। उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्री ऐसा व्यक्ति होना चाहिए जिसकी साफ-सुथरी छवि हो, जो शिक्षा के क्षेत्र की समझ रखता हो और जिसके कार्यकाल में पेपर लीक जैसी घटनाएं न हों।