हिमाचल में 48 घंटे भारी बारिश का अलर्ट, नदी-नालों से रहें दूर

हिमाचल प्रदेश में अगले 48 घंटे भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। कई जिलों में ऑरेंज और यलो अलर्ट घोषित है। मौसम विभाग ने नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी है।

हिमाचल में 48 घंटे भारी बारिश का अलर्ट, नदी-नालों से रहें दूर

हिमाचल में अगले 48 घंटे भारी बारिश का अलर्ट, कई जिलों में ऑरेंज और यलो अलर्ट जारी

IMD ने लोगों को नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी

मानसून सीजन में अब तक सामान्य से 6 फीसदी कम बारिश दर्ज


हिमाचल प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अगले 48 घंटे के दौरान राज्य के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में अगले छह दिन तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। इसे देखते हुए लोगों को नदी-नालों, खड्डों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी गई है।

मौसम विभाग ने बुधवार के लिए सिरमौर जिले में बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। वहीं चंबा, कुल्लू, सोलन और सिरमौर में मध्यम से तेज बारिश की संभावना को देखते हुए यलो अलर्ट घोषित किया गया है। प्रशासन को भी संवेदनशील इलाकों में सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।

30 जुलाई को मौसम और अधिक सक्रिय रहने की संभावना है। विभाग के अनुसार चंबा, सिरमौर, बिलासपुर और कांगड़ा में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। इसके अलावा ऊना, हमीरपुर, कुल्लू, मंडी, सोलन और शिमला में भी भारी बारिश को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। ऑरेंज अलर्ट वाले जिलों में लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम संबंधी एडवाइजरी का पालन करने की अपील की गई है।

IMD के अनुसार प्रदेश में 3 अगस्त तक बारिश से राहत मिलने के आसार नहीं हैं। 31 जुलाई से 3 अगस्त तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी। 1 अगस्त को चंबा, कांगड़ा, मंडी और शिमला जिलों में एक बार फिर भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

मानसून सीजन के आंकड़ों पर नजर डालें तो प्रदेश में अब तक सामान्य से 6 प्रतिशत कम बारिश रिकॉर्ड की गई है। मौसम विभाग के अनुसार 1 जून से 28 जुलाई के बीच सामान्य तौर पर 330.9 मिमी वर्षा होती है, जबकि इस बार 310.3 मिमी बारिश दर्ज की गई है।

हालांकि कई जिलों में सामान्य से अधिक बारिश भी हुई है। किन्नौर में 30 प्रतिशत, शिमला में 26 प्रतिशत, चंबा में 16 प्रतिशत, कुल्लू में 21 प्रतिशत, सोलन में 6 प्रतिशत, ऊना में 11 प्रतिशत और बिलासपुर में 1 प्रतिशत अधिक बारिश दर्ज की गई है।

दूसरी ओर हमीरपुर में 38 प्रतिशत, लाहौल-स्पीति में 45 प्रतिशत, मंडी में 24 प्रतिशत, कांगड़ा में 21 प्रतिशत और सिरमौर में 2 प्रतिशत कम बारिश रिकॉर्ड की गई है।

मौसम विभाग ने पर्यटकों और स्थानीय लोगों से खराब मौसम के दौरान नदी-नालों, भूस्खलन संभावित ढलानों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखने की अपील की है। साथ ही जिला प्रशासनों को भी आपदा प्रबंधन से जुड़े सभी इंतजाम अलर्ट मोड पर रखने के निर्देश दिए गए हैं।