Video: हिंदू छात्राओं को पहनाया बुर्का! बवाल बढ़ा तो स्कूल प्रबंधक ने जोड़े हाथ, बोले— 'करोड़ों बार माफी मांगने को तैयार'

गोंडा के नॉलेज बीम अकादमी में 15 अगस्त के सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान छात्राओं के बुर्का पहनकर डांस का VIDEO वायरल होने के बाद विवाद खड़ा हो गया। स्कूल प्रबंधक रामकृष्ण मौर्या ने सफाई देते हुए माफी मांगी और भविष्य में ऐसी गलती नहीं दोहराने की बात कही।

Video: हिंदू छात्राओं को पहनाया बुर्का! बवाल बढ़ा तो स्कूल प्रबंधक ने जोड़े हाथ, बोले— 'करोड़ों बार माफी मांगने को तैयार'

➤ स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम में छात्राओं के बुर्का पहनकर डांस का वीडियो वायरल होने से विवाद
➤ स्कूल प्रबंधक बोले- मकसद मनोरंजन था, किसी समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं
➤ विवाद बढ़ने के बाद प्रबंधक रामकृष्ण मौर्या ने सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की बात कही


उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में स्वतंत्रता दिवस के मौके पर आयोजित एक सांस्कृतिक कार्यक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विवाद खड़ा हो गया है। वीडियो में छात्राएं बुर्का पहनकर अलग-अलग गानों पर डांस करती दिखाई दे रही हैं। मामला सामने आने के बाद स्कूल प्रबंधन की ओर से सफाई दी गई है और प्रबंधक रामकृष्ण मौर्या ने सार्वजनिक तौर पर माफी मांगते हुए कहा है कि कार्यक्रम का उद्देश्य केवल मनोरंजन था और किसी भी समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था।

मामला गोंडा के खोंडारे थाना क्षेत्र के औसानी बुजुर्ग स्थित नॉलेज बीम अकादमी का बताया गया है। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर स्कूल में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इसी कार्यक्रम के दौरान कुछ छात्राओं ने बुर्का पहनकर डांस किया। कार्यक्रम का वीडियो किसी व्यक्ति ने रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया, जिसके बाद यह तेजी से वायरल होने लगा और इसे लेकर चर्चा शुरू हो गई।

वीडियो वायरल होने के बाद बढ़ा विवाद

वीडियो सामने आने के बाद कार्यक्रम को लेकर सवाल उठने लगे। सोशल मीडिया पर मामला तेजी से फैलने के बाद स्कूल प्रबंधन को इस पर सफाई देनी पड़ी। प्रबंधक रामकृष्ण मौर्या ने वीडियो संदेश जारी कर कहा कि कार्यक्रम के पीछे किसी समुदाय को निशाना बनाने या किसी की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का उद्देश्य नहीं था। उन्होंने भविष्य में ऐसी गलती दोबारा नहीं होने की बात भी कही।

प्रबंधक ने छात्राओं को लेकर क्या कहा

स्कूल प्रबंधक रामकृष्ण मौर्या ने अपने बयान में कहा कि कार्यक्रम में नकाब पहनकर डांस करने वाली छात्राएं हिंदू थीं और इसमें कोई मुस्लिम छात्रा शामिल नहीं थी। उन्होंने कहा कि यदि इस कार्यक्रम से किसी मुस्लिम समुदाय या किसी अन्य समुदाय की भावनाएं आहत हुई हैं, तो वह इसके लिए माफी मांगने को तैयार हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य केवल मनोरंजन था। विवाद बढ़ने के बाद उन्होंने भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा पैदा नहीं होने देने की बात कही।

स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम में हुआ था सांस्कृतिक आयोजन

स्कूल में 15 अगस्त के मौके पर स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किया गया था। इस दौरान अलग-अलग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां हुईं। इसी क्रम में छात्राओं की बुर्का पहनकर डांस करने वाली प्रस्तुति का वीडियो रिकॉर्ड किया गया और बाद में सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया गया। देखते ही देखते यह वीडियो वायरल हो गया और कार्यक्रम चर्चा में आ गया।

मामले में फिलहाल उपलब्ध जानकारी के मुताबिक विवाद का केंद्र वायरल वीडियो और उसके बाद स्कूल प्रबंधन की सफाई है। स्कूल प्रबंधक की ओर से माफी और भविष्य में ऐसी गलती नहीं दोहराने का आश्वासन दिया गया है।