10 रुपए की AC सर्विस फीस ने किसान को लगाया ₹7.65 लाख का चूना

कुरुक्षेत्र के एक किसान से AC सर्विस के नाम पर 10 रुपए की फीस भरवाकर साइबर ठगों ने KCC खाते से ₹7.65 लाख निकाल लिए। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

  • 10 रुपए की AC सर्विस फीस भरने के बहाने किसान के खाते से ₹7.65 लाख की साइबर ठगी
  • फर्जी कस्टमर केयर लिंक खोलते ही मोबाइल में संदिग्ध ऐप डाउनलोड हो गई
  • KCC खाते से छह ट्रांजैक्शन में रकम निकली, पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की

कुरुक्षेत्र जिले के इस्माइलाबाद में एक किसान के साथ साइबर ठगी का बड़ा मामला सामने आया है। घर के AC की सर्विस के लिए 10 रुपए की ऑनलाइन फीस भरने के चक्कर में किसान के KCC (किसान क्रेडिट कार्ड) खाते से ₹7.65 लाख निकाल लिए गए। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पीड़ित किसान देवेंद्र सिंह ने बताया कि 15 जून को उनके घर में लगा लॉयड कंपनी का AC खराब हो गया था। सर्विस के लिए उन्होंने गूगल पर कंपनी का कस्टमर केयर नंबर खोजा। वहां मिले एक मोबाइल नंबर पर कॉल करने पर सामने वाले व्यक्ति ने खुद को कंपनी का अधिकारी बताया।

आरोपी ने शिकायत दर्ज करने के लिए किसान के व्हाट्सएप पर एक लिंक भेजा और कहा कि शिकायत दर्ज कराने के लिए 10 रुपए की ऑनलाइन फीस जमा करनी होगी। साथ ही दावा किया कि फीस जमा होने के एक घंटे के भीतर मैकेनिक घर पहुंच जाएगा।

किसान ने लिंक खोलकर मांगी गई जानकारी भर दी। इसके बाद उनके मोबाइल में अपने आप एक संदिग्ध एप डाउनलोड हो गई। हालांकि 10 रुपए का भुगतान सफल नहीं हो पाया। कुछ देर बाद अलग-अलग नंबरों से लगातार कॉल आने लगीं। शक होने पर किसान ने सभी नंबर ब्लॉक कर दिए। बाद में लिंक भी मोबाइल से अपने आप गायब हो गई।

देवेंद्र सिंह ने बताया कि इसके बाद जब भी वह UPI के जरिए भुगतान करने की कोशिश करते, उनका UPI PIN बार-बार बदल जाता था। उन्होंने कई बार नया PIN बनाया, लेकिन कुछ ट्रांजैक्शन के बाद फिर PIN बदल जाती और भुगतान नहीं हो पाता था।

घटना के करीब 16 दिन बाद, 1 जुलाई को उनके KCC खाते से लगातार रकम कटने के मैसेज आने लगे। खाते से ₹3 लाख, ₹2.99 लाख, ₹98 हजार, ₹51 हजार, ₹10 हजार और ₹7 हजार समेत कुल ₹7.65 लाख निकाल लिए गए।

इसके बाद किसान तुरंत बैंक पहुंचा, जहां खाते की जांच में ठगी की पुष्टि हुई। पीड़ित ने पुलिस में शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने मामला दर्ज कर साइबर ठगी के पूरे नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है।