हरियाणा राज्यसभा चुनाव: काउंटिंग प्रक्रिया जारी, दो वोटों पर बहस के बाद शुरू होगी गिनती
हरियाणा राज्यसभा चुनाव में सीक्रेसी लीक विवाद के बाद चुनाव आयोग ने कांग्रेस विधायक परमवीर सिंह का वोट रद्द कर दिया, जबकि अनिल विज का वोट वैध माना गया है। एक शिकायत पर फैसला अभी बाकी है।
➤ कसौली से पहुंचे कांग्रेस विधायक, विधानसभा में मतदान जारी
➤ हुड्डा सैलजा समर्थक चंद्रमोहन को अपनी गाड़ी में लाए
➤ कुलदीप वत्स और विनेश फोगाट अभी तक विधानसभा नहीं पहुंचे
हरियाणा की दो राज्यसभा सीटों के लिए विधानसभा परिसर में मतदान प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने सबसे पहले अपना वोट डालकर चुनाव की शुरुआत की।वोटिंग के लिए कांग्रेस विधायक हिमाचल प्रदेश के कसौली से रवाना होकर चंडीगढ़ पहुंचे और पहले नेता प्रतिपक्ष Bhupinder Singh Hooda के आवास पर एकत्र हुए। इसके बाद सभी विधायक एक साथ विधानसभा पहुंचे। मंत्री अनिल विज भी व्हील चेयर पर पहुंचे। इंडियन नेशनल लोकदल के सुप्रीमो अभय चौटाला ने दोपहर 12 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस रखी है। उसमें वो अपने पार्टी का स्टैंड क्लियर करेंगे। पार्टी के दो विधायक हैं, जिनमें अभय के बेटे अर्जुन चौटाला और आदित्य देवीलाल हैं। मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि दूसरी सीट पर भी भाजपा समर्थक निर्दलीय का जीतना तय है। कांग्रेस के हालात सभी को पता है।
हुड्डा अपनी गाड़ी में चंद्रमोहन को लाए
विधानसभा पहुंचने के दौरान एक दिलचस्प राजनीतिक तस्वीर भी देखने को मिली। भूपेंद्र सिंह हुड्डा कांग्रेस नेता Chandermohan Bishnoi को अपनी गाड़ी में लेकर विधानसभा पहुंचे।
चंद्रमोहन को कांग्रेस सांसद Kumari Selja का करीबी माना जाता है। ऐसे में हुड्डा का उन्हें अपनी गाड़ी में लेकर आना राजनीतिक एकजुटता के संकेत के रूप में भी देखा जा रहा है।
वत्स और विनेश अभी नहीं पहुंचे
कांग्रेस विधायक Kuldeep Vats अभी तक विधानसभा नहीं पहुंचे थे। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि वे ट्रैफिक जाम में फंसे हुए हैं और जल्द ही पहुंच जाएंगे।
इसी तरह कांग्रेस विधायक Vinesh Phogat भी अभी तक विधानसभा नहीं पहुंची थीं। उनकी गैरहाजिरी को लेकर भी राजनीतिक हलकों में चर्चा बनी हुई है।
भाजपा विधायकों ने शुरू की वोटिंग
दूसरी ओर Bharatiya Janata Party के विधायकों ने मतदान प्रक्रिया शुरू कर दी है। सभी दल अपने-अपने विधायकों को एकजुट रखने की कोशिश कर रहे हैं। इस बीच Indian National Lok Dal की भूमिका पर भी नजर बनी हुई है। पार्टी दोपहर 12 बजे के बाद अपना रुख स्पष्ट कर सकती है। राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि इनेलो के दोनों विधायक इस चुनाव से दूरी बना सकते हैं।
शाम तक आएंगे नतीजे
राज्यसभा चुनाव के लिए मतदान शाम 4 बजे तक जारी रहेगा। इसके बाद शाम 5 बजे से मतगणना शुरू होगी और देर शाम तक परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे। दोपहर 2 बजे से हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र भी शुरू होना है। माना जा रहा है कि इससे पहले ही अधिकांश विधायक अपना वोट डाल देंगे।
तीन उम्मीदवार मैदान में
हरियाणा की दो राज्यसभा सीटों के लिए भाजपा ने Sanjay Bhatia को उम्मीदवार बनाया है, जबकि कांग्रेस ने Karmveer Bauddh को मैदान में उतारा है। इसके अलावा भाजपा नेता Satish Nandal निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं। अगर सभी 90 विधायक मतदान करते हैं तो एक उम्मीदवार को जीतने के लिए 31 वोट की जरूरत होगी। मौजूदा गणित के अनुसार भाजपा और कांग्रेस को एक-एक सीट मिलती दिखाई दे रही है, जबकि क्रॉस वोटिंग या वोट रद्द होने की स्थिति में ही चुनावी समीकरण बदल सकते हैं।
➤ हरियाणा राज्यसभा चुनाव के लिए विधानसभा में वोटिंग शुरू
➤ मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सबसे पहले अपना वोट डाला
➤ कांग्रेस विधायक कसौली से पहुंचे, इनेलो के बहिष्कार की चर्चा
हरियाणा की दो राज्यसभा सीटों के लिए सोमवार को विधानसभा परिसर में मतदान प्रक्रिया शुरू हो गई। मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने सबसे पहले अपना वोट डालकर चुनाव प्रक्रिया की शुरुआत की। मतदान शाम 4 बजे तक चलेगा, जबकि शाम 5 बजे से मतगणना शुरू होगी। इसके बाद दोनों सीटों के नतीजे घोषित कर दिए जाएंगे।
इस चुनाव को लेकर प्रदेश की राजनीति पूरी तरह सक्रिय दिखाई दे रही है। सभी दलों ने अपने विधायकों को एकजुट रखने के लिए अलग-अलग रणनीतियां बनाई हैं और क्रॉस वोटिंग की संभावना पर भी नजर रखी जा रही है।
कांग्रेस विधायक कसौली से पहुंचे
राज्यसभा चुनाव में हिस्सा लेने के लिए कांग्रेस के विधायक हिमाचल प्रदेश के कसौली से चंडीगढ़ पहुंचे हैं। ये विधायक पहले शिमला और बाद में कसौली के होटल में ठहराए गए थे। सोमवार सुबह वे चंडीगढ़ पहुंचकर नेता प्रतिपक्ष Bhupinder Singh Hooda के निवास पर एकत्र हुए और इसके बाद विधानसभा के लिए रवाना हुए।
कांग्रेस ने यह कदम अपने विधायकों को एकजुट रखने और संभावित क्रॉस वोटिंग को रोकने के लिए उठाया था।
तीन उम्मीदवार मैदान में
हरियाणा की दो राज्यसभा सीटों के लिए इस बार तीन उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। भाजपा ने Sanjay Bhatia को उम्मीदवार बनाया है, जबकि कांग्रेस ने Karmveer Bauddh को मैदान में उतारा है। इसके अलावा भाजपा नेता Satish Nandal निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं।
अगर सभी 90 विधायक मतदान करते हैं तो एक उम्मीदवार को जीतने के लिए 31 कोटा वोट की जरूरत होगी। मौजूदा राजनीतिक समीकरणों के अनुसार भाजपा और कांग्रेस को एक-एक सीट मिलती दिखाई दे रही है। हालांकि अगर क्रॉस वोटिंग होती है या किसी का वोट रद्द होता है तो चुनावी गणित बदल सकता है और इसका फायदा निर्दलीय उम्मीदवार को मिल सकता है।
भाजपा ने विधायकों को दिया निर्देश
भाजपा ने अपने सभी विधायकों को सुबह 10 बजे तक एकत्र होने के निर्देश दिए हैं, ताकि मतदान प्रक्रिया के दौरान किसी तरह की गड़बड़ी न हो। पार्टी पहले ही अपने विधायकों को मतदान प्रक्रिया की ट्रेनिंग भी दे चुकी है।
इनेलो के बहिष्कार की चर्चा
इस बीच Indian National Lok Dal यानी इनेलो ने अभी तक चुनाव को लेकर अपनी स्थिति स्पष्ट नहीं की है। राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि इनेलो के दोनों विधायक इस चुनाव से दूरी बना सकते हैं और मतदान का बहिष्कार कर सकते हैं। अगर ऐसा होता है तो विधानसभा में कुल मतदान करने वाले विधायकों की संख्या पर असर पड़ सकता है और चुनावी गणित में भी बदलाव संभव है।
➤ 10 राज्यों की 37 राज्यसभा सीटों के लिए प्रक्रिया शुरू
➤ 7 राज्यों की 26 सीटों पर उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए
➤ हरियाणा, बिहार और ओडिशा की 11 सीटों पर वोटिंग जारी
देश की राजनीति के लिए अहम माने जा रहे राज्यसभा चुनाव की प्रक्रिया सोमवार सुबह 9 बजे से शुरू हो गई। इन चुनावों के तहत 10 राज्यों की कुल 37 सीटों के लिए मतदान और परिणाम की प्रक्रिया चल रही है। इनमें से 7 राज्यों की 26 सीटों पर उम्मीदवार पहले ही निर्विरोध चुन लिए गए हैं, जबकि हरियाणा, बिहार और ओडिशा की 11 सीटों के लिए मतदान हो रहा है।
निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार मतदान शाम 4 बजे तक चलेगा। इसके बाद शाम 5 बजे से वोटों की गिनती शुरू होगी और देर शाम तक सभी सीटों की तस्वीर साफ हो जाएगी। इन चुनावों के नतीजे राज्यसभा में सत्तारूढ़ और विपक्षी गठबंधनों की ताकत को प्रभावित कर सकते हैं।
उधर, हरियाणा में राज्यसभा की दो सीटों के लिए सोमवार को विधानसभा परिसर में मतदान हो रहा है । CM सैनी ने पहला वोट डाला। चुनाव प्रक्रिया के तहत सुबह मतदान शुरू होगा और शाम 4 बजे तक वोटिंग चलेगी। इसके बाद शाम 5 बजे से मतगणना शुरू होगी और देर शाम तक परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे। इस चुनाव को लेकर राजनीतिक दलों ने पूरी तैयारी कर ली है और सभी की नजर क्रॉस वोटिंग की संभावना पर टिकी हुई है।
मतदान में हिस्सा लेने के लिए कांग्रेस के विधायक हिमाचल प्रदेश के हिमाचल से चंडीगढ़ पहुंच गए हैं। पार्टी ने अपने विधायकों को एकजुट रखने के लिए पहले शिमला और फिर कसौली के होटल में ठहराया था, ताकि किसी तरह की टूट-फूट या क्रॉस वोटिंग की संभावना को रोका जा सके। दूसरी ओर भाजपा ने भी अपने विधायकों को सुबह 10 बजे एक साथ इकट्ठा होने के निर्देश दिए।
तीन उम्मीदवार मैदान में
हरियाणा की दो राज्यसभा सीटों के लिए इस बार तीन उम्मीदवार मैदान में हैं। भाजपा ने संजय भाटिया को उम्मीदवार बनाया है, जबकि कांग्रेस ने कर्मवीर बौद्ध को मैदान में उतारा है। इसके अलावा भाजपा नेता सतीश नांदल निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं। एक उम्मीदवार को जीतने के लिए 31 कोटा वोट की जरूरत है। मौजूदा गणित के अनुसार कांग्रेस और भाजपा को एक-एक सीट मिलती दिखाई दे रही है। हालांकि अगर क्रॉस वोटिंग होती है या किसी का वोट रद्द होता है तो समीकरण बदल सकते हैं और इसका फायदा निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल को मिल सकता है। विधानसभा का बजट सत्र भी सोमवार दोपहर 2 बजे से शुरू होगा। माना जा रहा है कि इससे पहले ही सभी विधायक अपना वोट डाल देंगे और फिर सदन की कार्यवाही में हिस्सा लेंगे।
भाजपा ने विधायकों को दी ट्रेनिंग
राज्यसभा चुनाव को लेकर भाजपा ने अपने विधायकों को चंडीगढ़ के फाइव स्टार होटल जेडब्ल्यू मैरियट में दो दिन की विशेष ट्रेनिंग दी। 14 और 15 मार्च को आयोजित इस ट्रेनिंग में विधायकों के छह सेशन लगाए गए। इन सत्रों के दौरान वोटिंग की प्रक्रिया समझाई गई और अभ्यास भी कराया गया। एक अभ्यास सत्र में तीन विधायकों के वोट रद्द हो गए थे, जिसके बाद दोबारा अभ्यास कराया गया और विधायकों ने सही तरीके से वोटिंग की। हालांकि स्वास्थ्य कारणों से मंत्री अनिल विज इस ट्रेनिंग में शामिल नहीं हो सके। बताया जा रहा है कि पैर में फ्रैक्चर होने के बावजूद वह आज वोट डालने विधानसभा पहुंचेंगे।
कांग्रेस ने शिमला में कराई रिहर्सल
कांग्रेस ने भी चुनाव को लेकर पहले से रणनीति बनानी शुरू कर दी थी। पार्टी ने 13 मार्च को अपने 31 विधायकों को शिमला के गलू स्थित ट्विन टावर होटल में ठहराया था। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा सहित छह विधायक अलग-अलग कारणों से वहां नहीं गए थे। होटल में ही विधायकों को वोटिंग की पूरी प्रक्रिया की रिहर्सल कराई गई, ताकि मतदान के दौरान किसी तरह की गलती न हो। इसके बाद 14 मार्च को कांग्रेस ने अपने विधायकों को शिमला से सोलन जिले के कसौली में शिफ्ट कर दिया। कसौली चंडीगढ़ से लगभग 60 किलोमीटर दूर है, जिससे विधायक समय पर विधानसभा पहुंच सकें।
नांदल की उम्मीद क्रॉस वोटिंग पर
निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल के साथ तीन अन्य निर्दलीय विधायक—देवेंद्र कादियान, सावित्री जिंदल और राजेश जून खड़े बताए जा रहे हैं। नांदल का दावा है कि कांग्रेस के करीब 10 विधायक उनके संपर्क में हैं। उन्होंने यह भी दावा किया है कि भाजपा के कुछ विधायक भी उनका समर्थन कर सकते हैं। हालांकि राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि नांदल की जीत पूरी तरह क्रॉस वोटिंग पर निर्भर करेगी।
NDA को मिल सकता है फायदा
मौजूदा स्थिति में जिन 37 सीटों पर चुनाव प्रक्रिया चल रही है, उनमें से पहले 25 सीटें INDIA गठबंधन के पास थीं, जबकि 12 सीटें NDA के खाते में थीं। राजनीतिक समीकरणों के अनुसार चुनाव के बाद तस्वीर बदल सकती है और NDA को कुल 8 सीटों का फायदा होने की संभावना जताई जा रही है। निर्विरोध चुनी गई 26 सीटों में NDA और विपक्ष को 13-13 सीटें मिली हैं। पहले इन सीटों में NDA के पास 8 सीटें थीं, लेकिन अब चुनाव के बाद यह संख्या बढ़कर 13 हो सकती है, यानी उसे 5 सीटों का फायदा मिला है। वहीं हरियाणा, बिहार और ओडिशा की 11 सीटों में पहले NDA के पास 4 सीटें थीं। मौजूदा समीकरणों के आधार पर यहां उसे 7 सीटें मिल सकती हैं। इस तरह इन राज्यों में NDA को 3 सीटों का अतिरिक्त लाभ मिल सकता है।
हरियाणा में रोचक मुकाबला
हरियाणा विधानसभा की कुल 90 सीटों में से राज्यसभा की 2 सीटों के लिए चुनाव हो रहा है, लेकिन मैदान में 3 उम्मीदवार हैं। जीत के लिए 31 वोट जरूरी हैं। भाजपा के पास 48 विधायक हैं, इसलिए उसके उम्मीदवार संजय भाटिया की जीत लगभग तय मानी जा रही है। भाजपा के पास 7 वोट अतिरिक्त बचते हैं, जो निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल को जा सकते हैं। अगर तीन निर्दलीय और इनेलो के दो विधायक उनका समर्थन करते हैं तो यह संख्या 22 तक पहुंच सकती है, जो जीत के लिए जरूरी 31 वोट से 9 कम है। कांग्रेस के पास 37 विधायक हैं। यदि सभी विधायक एकजुट रहते हैं तो कांग्रेस उम्मीदवार कर्मवीर बौद्ध को 31 से अधिक वोट मिल सकते हैं। हालांकि पार्टी को क्रॉस वोटिंग का डर भी बना हुआ है। हरियाणा में पहले भी ऐसा हो चुका है कि पर्याप्त संख्या बल होने के बावजूद कांग्रेस उम्मीदवार को हार का सामना करना पड़ा था। वर्ष 2016 और 2022 के राज्यसभा चुनावों में भी इसी तरह की स्थिति देखने को मिली थी।
बिहार में 5 सीटों पर मुकाबला
बिहार विधानसभा में कुल 243 सीटें हैं और यहां राज्यसभा की 5 सीटों के लिए चुनाव हो रहा है। इन सीटों के लिए 6 उम्मीदवार मैदान में हैं। राज्य में NDA के पास 202 विधायक हैं, जबकि महागठबंधन के पास 35 विधायक हैं। गणित के अनुसार NDA को 4 सीटों पर जीत लगभग तय मानी जा रही है। एक सीट जीतने के लिए 41 वोट जरूरी हैं। चार सीटें जीतने के लिए NDA को 164 वोट की जरूरत होगी, जिसके बाद उसके पास 38 विधायक बचेंगे। पांचवीं सीट जीतने के लिए उसे 3 और विधायकों का समर्थन चाहिए दूसरी ओर महागठबंधन के पास 35 विधायक हैं। अगर उसे AIMIM के 5 विधायक और BSP का समर्थन मिल जाता है तो वह एक सीट जीत सकता है।
ओडिशा में चौथी सीट पर मुकाबला
ओडिशा विधानसभा में कुल 147 सीटें हैं और यहां राज्यसभा की 4 सीटों के लिए चुनाव हो रहा है। हालांकि मैदान में 5 उम्मीदवार हैं, जिससे मुकाबला दिलचस्प हो गया है। यहां एक सीट जीतने के लिए 30 विधायकों का समर्थन जरूरी है। भाजपा के दो उम्मीदवार मनमोहन सामल और सुजीत कुमार की जीत लगभग तय मानी जा रही है। बीजेडी के पास 48 वोट हैं और उसने दो उम्मीदवार उतारे हैं—संत्रुप्त मिश्रा और दत्तेश्वर होता। मिश्रा की जीत लगभग निश्चित मानी जा रही है, लेकिन चौथी सीट पर मुकाबला फंसा हुआ है। कांग्रेस के 14 विधायक और माकपा का एक विधायक होता के पक्ष में बताए जा रहे हैं। क्रॉस वोटिंग होने की स्थिति में नतीजे पलट भी सकते हैं।
यहां चुने जा चुके हैं निर्विरोध
Akhil Mahajan