भांजे का अपहरण कर मांगी 10 लाख की फिरौती: होटल से बच्चा बरामद, मामा समेत 3 आरोपी गिरफ्तार
यूपी से अगवा किए गए 10 वर्षीय बच्चे को रोहतक पुलिस ने होटल से बरामद किया। मामले में बच्चे के मामा समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जिन्होंने 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी।
➤ स्कूल से लौटते वक्त 10 साल के बच्चे का हुआ अपहरण
➤ मामा ने ही रची किडनैपिंग की साजिश, मांगी 10 लाख की फिरौती
➤ रोहतक के होटल में छिपाकर रखा था बच्चा, SIT ने मारी रेड
रोहतक पुलिस ने उत्तर प्रदेश से किडनैप किए गए 10 वर्षीय बच्चे को सकुशल बरामद करते हुए उसके सगे मामा समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। हैरानी की बात यह रही कि अपहरण की पूरी साजिश बच्चे के अपने मामा ने ही रची थी। आरोपी ने अपने जीजा से बदला लेने के लिए भांजे का अपहरण कर परिवार से 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी।
पुलिस के अनुसार बच्चा उत्तर प्रदेश के बांदा जिले से 7 मई को स्कूल के बाहर से अगवा किया गया था। इसके बाद आरोपियों ने उसे हरियाणा के रोहतक स्थित एक होटल में छिपाकर रखा हुआ था। यूपी पुलिस को तकनीकी जांच में बच्चे की लोकेशन रोहतक में मिली, जिसके बाद रोहतक पुलिस और SIT ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए बच्चे को सुरक्षित बरामद कर लिया।
जानकारी के मुताबिक बांदा निवासी अनिल विश्वकर्मा ने अपने बेटे हर्षित की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। हर्षित स्कूल गया था लेकिन घर वापस नहीं लौटा। इसी दौरान बच्चे की मां रश्मि को व्हाट्सएप कॉल कर 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए बांदा पुलिस ने तुरंत कई टीमें गठित कर जांच शुरू कर दी।
पुलिस ने कानपुर से दिल्ली तक करीब 25 टोल प्लाजा और सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। साइबर सेल लगातार उस नंबर को ट्रैक कर रही थी जिससे फिरौती की कॉल की गई थी। जांच में सामने आया कि आरोपी लगातार गाड़ी की नंबर प्लेट और फास्टैग बदलकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश कर रहे थे। साथ ही वे वाई-फाई कॉलिंग का इस्तेमाल कर रहे थे ताकि लोकेशन ट्रेस न हो सके।
तकनीकी सर्विलांस के दौरान पुलिस को एक नंबर की लोकेशन रोहतक के एक होटल में मिली। इसकी पुष्टि करने के लिए पुलिस ने आरोपियों के खाते में दो बार 12-12 हजार रुपये भी ट्रांसफर कराए। इसके बाद यूपी पुलिस ने रोहतक पुलिस से संपर्क किया।
रोहतक पुलिस की SIT ने सादी वर्दी में होटल की निगरानी शुरू की। इसी दौरान एक आरोपी होटल से बाहर सिगरेट लेने आया, जिसे पुलिस ने दबोच लिया। उसकी मदद से कमरे का दरवाजा खुलवाकर बच्चे हर्षित को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। मौके से बाकी दो आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
जांच में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी रामजी बच्चे का सगा मामा है। वह उत्तर प्रदेश के महोबा जिले का रहने वाला है और पहले रोहतक में नौकरी कर चुका था। वहीं उसके साथी अनीस सोनीपत और सुमित रोहतक के रहने वाले बताए गए हैं।
पुलिस के अनुसार रामजी और उसके जीजा अनिल के बीच पहले से विवाद चल रहा था। परिवार के मोबाइल से लाखों रुपये ट्रांसफर करने के आरोप के बाद दोनों परिवारों में बोलचाल बंद थी। इसी रंजिश में उसने अपने ही भांजे के अपहरण की साजिश रची।
रोहतक पुलिस प्रवक्ता मनीष हुड्डा ने बताया कि आरोपियों को गिरफ्तार करने के बाद उन्हें उत्तर प्रदेश पुलिस के हवाले कर दिया गया है। मामले में आगे की जांच जारी है।
Akhil Mahajan