सिक्योरिटी ऑफिसर ने प्रिंसिपल पत्नी- बेटे की गोली मारकर की हत्या: ताबड़तोड़ फायरिंग ; पुलिस- फोरेंसिक मौके पर

गुरुग्राम के अशोक विहार में सिक्योरिटी ऑफिसर ने घरेलू विवाद के बाद अपनी प्रिंसिपल पत्नी और 25 वर्षीय बेटे की गोली मारकर हत्या कर दी। पुलिस जांच जारी है।

सिक्योरिटी ऑफिसर ने प्रिंसिपल पत्नी- बेटे की गोली मारकर की हत्या: ताबड़तोड़ फायरिंग ; पुलिस- फोरेंसिक मौके पर
  • गुरुग्राम में सिक्योरिटी ऑफिसर ने पत्नी और बेटे की गोली मारकर हत्या की
  • मां के साथ हो रहे झगड़े को रोकने पहुंचे बेटे पर भी कर दी फायरिंग
  • वारदात के बाद आरोपी शवों के पास बैठा मिला, पुलिस जांच में जुटी

हरियाणा के गुरुग्राम में घरेलू विवाद ने एक पूरे परिवार को तबाह कर दिया। शहर के अशोक विहार इलाके में एक सिक्योरिटी ऑफिसर ने अपनी पत्नी और बेटे की लाइसेंसी पिस्टल से गोली मारकर हत्या कर दी। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार देर रात आरोपी अनिल के घर से अचानक गोली चलने की आवाज सुनाई दी। एक के बाद एक कई गोलियां चलने से आसपास के लोग घबरा गए। पड़ोसी जब घर पहुंचे तो वहां अनिल की पत्नी आशा और बेटा प्रशांत गंभीर रूप से घायल अवस्था में पड़े मिले। दोनों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।

पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि घटना से पहले पति-पत्नी के बीच किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था। बताया जा रहा है कि दोनों के बीच अक्सर कहासुनी होती रहती थी। शनिवार रात भी विवाद इतना बढ़ गया कि मामला हिंसक हो गया।

जानकारी के अनुसार आशा (45) एक निजी स्कूल में प्रिंसिपल थीं, जबकि आरोपी अनिल एक निजी कंपनी में सिक्योरिटी ऑफिसर के रूप में कार्यरत था। देर रात दोनों के बीच बहस हो रही थी। इसी दौरान दूसरे कमरे में सो रहा उनका बेटा प्रशांत (25) आवाज सुनकर वहां पहुंचा।

प्रशांत ने अपने माता-पिता को शांत कराने और झगड़ा रोकने की कोशिश की। लेकिन इससे आरोपी का गुस्सा और बढ़ गया। पुलिस के अनुसार अनिल पहले बेटे से भी बहस करने लगा। जब स्थिति और बिगड़ी तो उसने अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकाल ली और पत्नी तथा बेटे पर गोली चला दी।

गोली लगने से दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद आरोपी घर से फरार नहीं हुआ। पुलिस के अनुसार जब टीम मौके पर पहुंची तो अनिल दोनों शवों के पास बैठा मिला। इसके बाद पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी।

फोरेंसिक विशेषज्ञों ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं और हथियार को कब्जे में ले लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। परिवार के सदस्यों और पड़ोसियों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं।

जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी अनिल पहले फिजिकल एजुकेशन (PTI) टीचर के रूप में कार्य कर चुका है। कई वर्षों तक स्कूलों में पढ़ाने और खेल प्रशिक्षण देने के बाद उसने सिक्योरिटी सेक्टर में नौकरी शुरू की थी। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी हुई है।