हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र 20 फरवरी से, कैबिनेट ने लगाई मुहर, जानें अहम फैसले
हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र 20 फरवरी 2026 से शुरू होगा। कैबिनेट मीटिंग में फैसला, धुंध के कारण CM सैनी बैठक में देरी से पहुंचे।
➤ हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र 20 फरवरी को सुबह 11 बजे से शुरू होगा
➤ धुंध के कारण CM सैनी का हेलीकॉप्टर नहीं उतर सका, कैबिनेट मीटिंग देर से शुरू
➤ यह 2026 की दूसरी कैबिनेट मीटिंग, प्रेस कॉन्फ्रेंस अंतिम समय में रद्द
हरियाणा विधानसभा के आगामी बजट सत्र की तारीख पर आखिरकार मुहर लग गई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में सोमवार देर शाम तक चली कैबिनेट मीटिंग में फैसला लिया गया कि विधानसभा का बजट सत्र 20 फरवरी 2026 को सुबह 11:00 बजे शुरू होगा।
चंडीगढ़ स्थित सिविल सचिवालय में यह कैबिनेट बैठक सोमवार शाम 4 बजे प्रस्तावित थी, लेकिन मौसम ने सरकारी कार्यक्रम की रफ्तार धीमी कर दी। फतेहाबाद में घनी धुंध के चलते मुख्यमंत्री नायब सैनी का हेलीकॉप्टर लैंड नहीं कर सका, जिसके कारण उन्हें हिसार से सड़क मार्ग के जरिए फतेहाबाद पहुंचना पड़ा। इससे वे वहां आयोजित कार्यक्रम में भी देरी से पहुंचे और बाद में शाम करीब साढ़े पांच बजे चंडीगढ़ पहुंचे।
तय समय से करीब दो घंटे देरी से शुरू हुई कैबिनेट मीटिंग
मुख्यमंत्री के देर से पहुंचने के कारण कैबिनेट मीटिंग करीब दो घंटे देरी से शाम 6 बजे शुरू हुई, जो देर रात तक चली। यह साल 2026 की दूसरी कैबिनेट मीटिंग रही। इससे पहले 1 जनवरी को हुई बैठक में भी बजट सत्र की तारीख को लेकर संकेत दिए गए थे, जिसे अब औपचारिक मंजूरी मिल गई है।
मीटिंग के बाद मुख्यमंत्री की ओर से प्रेस कॉन्फ्रेंस प्रस्तावित थी, जिसमें अन्य फैसलों की जानकारी दी जानी थी, लेकिन इसे अंतिम समय पर रद्द कर दिया गया।
बजट सत्र से जुड़ी अहम बातें
सीएम सैनी का दूसरा बजट
वित्त मंत्री के तौर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी यह अपना दूसरा बजट (2026-27) पेश करेंगे। पिछले वर्ष का बजट करीब 2.05 लाख करोड़ रुपये का था, जबकि इस बार इसके सवा दो लाख करोड़ रुपये तक पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।
पिछले बजट में लाडो लक्ष्मी योजना के लिए 5000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया था, जिसे इस बार बढ़ाए जाने के संकेत हैं।
त्योहारों से पहले बजट निपटाने की रणनीति
हरियाणा में इस वर्ष होली 4 मार्च को है। सरकार की कोशिश है कि त्योहार से पहले बजट पारित कर लिया जाए। पिछले साल बजट सत्र 7 से 28 मार्च तक चला था, लेकिन इस बार इसे 20 मार्च तक सीमित किया जा सकता है।
औसतन बजट सत्र में 12 बैठकें होती हैं, जबकि इस बार 14 बैठकों की संभावना जताई जा रही है।
सत्र की अवधि पर फैसला बाद में
कैबिनेट मीटिंग में केवल सत्र के आरंभ की तारीख को मंजूरी दी गई है। बजट सत्र कितने दिन चलेगा, इसका निर्णय बाद में विधानसभा स्पीकर हरविन्द्र कल्याण की अध्यक्षता में होने वाली बिजनेस एडवाइजरी कमेटी (BAC) की बैठक में लिया जाएगा।
Akhil Mahajan