चरखी दादरी थाने के बाहर फायरिंग के मामले में 6 पुलिसकर्मी सस्पेंड, जानें वजह

चरखी दादरी फायरिंग मामले में 6 पुलिसकर्मी सस्पेंड कर दिए गए। मुख्य आरोपी रोहित कातिया एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार हुआ, जबकि 7 घायलों के शरीर से 20 गोलियां निकाली गईं।

चरखी दादरी थाने के बाहर फायरिंग के मामले में  6 पुलिसकर्मी सस्पेंड, जानें वजह

चरखी दादरी फायरिंग मामले में कोर्ट सुरक्षा में तैनात 6 पुलिसकर्मी सस्पेंड

30 राउंड फायरिंग में घायल 7 युवकों के शरीर से 20 गोलियां और छर्रे निकले

मुख्य आरोपी रोहित कातिया एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार, दो अन्य आरोपी भी पुलिस के हत्थे चढ़े


हरियाणा के चरखी दादरी में सिटी थाने के सामने हुई सनसनीखेज फायरिंग के बाद पुलिस प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) में तैनात 6 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। प्रारंभिक जांच में सुरक्षा व्यवस्था में गंभीर लापरवाही सामने आने के बाद यह फैसला लिया गया। उधर, पुलिस ने इस हाई-प्रोफाइल शूटआउट में शामिल मुख्य आरोपी रोहित कातिया को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है, जबकि साहूवास निवासी प्रीत और सांगा गांव निवासी युद्धविंद्र को भी दबोच लिया गया है।

पुलिस कस्टडी में बदमाश रोहित कातिया ने कहा- चरखी दादरी के सहुवास में फायरिंग की प्लानिंग की गई थी।

हादसे में घायल सातों युवकों का इलाज अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है। अस्पताल सूत्रों के मुताबिक डॉक्टरों ने ऑपरेशन के दौरान 20 गोलियां और कई छर्रे निकाले हैं। चार घायलों की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है, जबकि अमित फतेहगढ़िया को बेहतर इलाज के लिए गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल रेफर किया गया है।

गाड़ी में बैठे युवकों पर 30 राउंड फायरिंग की गई। गाड़ी के शीशे चकनाचूर हो गए।

कोर्ट से सिर्फ 50 मीटर दूर हुई थी वारदात

यह हमला चरखी दादरी कोर्ट परिसर से महज 50 मीटर दूर सिटी थाने के सामने हुआ। पुलिस के अनुसार कोर्ट परिसर और आसपास की सुरक्षा की जिम्मेदारी QRT के पास थी। वारदात के बाद सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठे, जिसके बाद एसपी लोगेश कुमार पी ने ड्यूटी पर तैनात छह पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।

बदमाश कातिया को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

4 एकड़ जमीन के विवाद में चलीं गोलियां

पुलिस अधिकारियों के मुताबिक पूरा विवाद चार एकड़ जमीन को लेकर था। बाढ़ड़ा थाना में इस संबंध में पहले से मामला दर्ज है। जांच में सामने आया है कि हमलावरों का मुख्य निशाना अमित फतेहगढ़िया था। स्कॉर्पियो में सवार अमित और उसके साथियों पर करीब 30 राउंड फायरिंग की गई।

रोहित कातिया का कथित वीडियो आया सामने

घटना के बाद रोहित कातिया का एक कथित वीडियो भी सामने आया है, जिसमें वह पूछताछ के दौरान अपना नाम बताते हुए कहता है कि "हम अमित को मारने आए थे। योजना साहूवास में बनाई गई थी और हम 9-10 लोग थे।"

हालांकि, पुलिस ने अभी तक इस वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, इसलिए इसे जांच का हिस्सा माना जा रहा है।

एक हमलावर हाथ में रिवॉल्वर लेकर भागता दिखा।

घायलों के शरीर से निकलीं 20 गोलियां

डॉक्टरों के अनुसार ऑपरेशन के दौरान—

  • अमित फतेहगढ़िया के शरीर से 7 गोलियां निकाली गईं।
  • कृष्ण के शरीर से 4 गोलियां निकलीं।
  • अंकित (मानकावास) के शरीर से 4 गोलियां निकलीं।
  • कीर्तिमान के शरीर से 3 गोलियां निकाली गईं।
  • अंकित (भिवानी) के शरीर से 2 गोलियां निकाली गईं।
  • सूरज मानहेरू और विजय उर्फ सन्नी के पैरों से छर्रे निकाले गए।

पेशी से लौटते समय हुआ हमला

पुलिस के अनुसार घायल अमित फतेहगढ़िया, कीर्तिमान और विजय उर्फ सन्नी वर्ष 2025 के एक प्रॉपर्टी विवाद मामले में कोर्ट में पेशी पर आए थे। पेशी के बाद जैसे ही उनकी स्कॉर्पियो कोर्ट परिसर से निकली, पहले से घात लगाए बैठे हमलावरों ने सिटी थाने के सामने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। स्कॉर्पियो में कुल 7 लोग सवार थे और सभी घायल हुए।

पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की कई एंगल से जांच की जा रही है। फरार अन्य आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है।