डीक्रस्ट पहुंचे सीएम नायब सैनी,आयशर लैब का उद्घाटन,स्कॉलर्स होंगे सम्मानित

सोनीपत के डीक्रस्ट मुरथल पहुंचे सीएम नायब सैनी ने आयशर लैब का उद्घाटन किया। वे रिसर्च स्कॉलर्स को सम्मानित कर शोध और नवाचार पर संवाद करेंगे।

डीक्रस्ट पहुंचे सीएम नायब सैनी,आयशर लैब का उद्घाटन,स्कॉलर्स होंगे सम्मानित

सीएम नायब सैनी पहुंचे डीसीआरयूएसटी मुरथल, आयशर लैब का किया उद्घाटन

आधुनिक तकनीक और रिसर्च से विद्यार्थियों को मिलेगा व्यावहारिक ज्ञान का अवसर

रिसर्च स्कॉलर्स को सम्मानित कर शोध और नवाचार को लेकर करेंगे संवाद

सोनीपत के मुरथल स्थित डीसीआरयूएसटी में गुरुवार को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी पहुंचे। मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय परिसर में आयशर लैब का उद्घाटन किया। इस दौरान विश्वविद्यालय प्रशासन और अधिकारियों ने उनका स्वागत किया।

आयशर लैब को विद्यार्थियों और शोधार्थियों के लिए आधुनिक तकनीक, प्रयोगात्मक शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।

लैब के माध्यम से विद्यार्थियों को तकनीकी क्षेत्र में व्यावहारिक ज्ञान हासिल करने का अवसर मिलेगा। इससे उन्हें पढ़ाई के साथ प्रयोग और अनुसंधान की आधुनिक तकनीकों को समझने में मदद मिलेगी।

रिसर्च स्कॉलर्स से संवाद करेंगे सीएम।

आयशर लैब के उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री विश्वविद्यालय सभागार में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगे। यहां वे रिसर्च स्कॉलर्स को सम्मानित करेंगे।

मुख्यमंत्री शोधार्थियों से संवाद भी करेंगे। इस दौरान शोध और नवाचार के क्षेत्र में युवाओं को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करने की उम्मीद है।

विश्वविद्यालय के शोधार्थियों के लिए मुख्यमंत्री के हाथों सम्मानित होना कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहेगा।

कार्यक्रम से पहले तैयारियों का लिया जायजा।

मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर विश्वविद्यालय परिसर में पहले ही तैयारियां पूरी कर ली गई थीं। कार्यक्रम की व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासन ने भी विशेष तैयारियां की थीं।

इससे पहले बुधवार को एसडीएम सुभाष चंद्र डीसीआरयूएसटी मुरथल पहुंचे और कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों से तैयारियों की जानकारी ली और जरूरी दिशा-निर्देश दिए।

एसडीएम ने विश्वविद्यालय के कुलपति श्रीप्रकाश सिंह और रजिस्ट्रार डॉ. अमित कुमार कंबोज सहित संबंधित अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में मुख्यमंत्री के कार्यक्रम की पूरी रूपरेखा पर चर्चा की गई।

पार्किंग और सुरक्षा व्यवस्था की भी जांच।

एसडीएम ने कार्यक्रम स्थल पर बैठने की व्यवस्था, मंच, प्रवेश और निकास व्यवस्था का निरीक्षण किया। इसके साथ ही पार्किंग, सुरक्षा, पेयजल, बिजली और साफ-सफाई जैसी व्यवस्थाओं की भी जांच की गई।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में आने वाले अतिथियों, शोधार्थियों और अन्य प्रतिभागियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।

अधिकारियों को अपनी-अपनी जिम्मेदारियों का समय पर निर्वहन करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि कार्यक्रम व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।

शोध और नवाचार पर रहेगा फोकस।

मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में शोध, तकनीकी शिक्षा और नवाचार को विशेष महत्व दिया जाएगा। आयशर लैब के उद्घाटन के बाद विद्यार्थियों और शोधार्थियों को आधुनिक प्रयोगशाला सुविधाओं से जुड़ने का अवसर मिलेगा।

वहीं, रिसर्च स्कॉलर्स के साथ मुख्यमंत्री का संवाद युवाओं के शोध कार्यों और उनके अनुभवों को समझने का माध्यम भी बनेगा। कार्यक्रम के जरिए विश्वविद्यालय में अनुसंधान और तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देने का संदेश दिया जाएगा।