महेश भट्ट का बड़ा खुलासा:ओशो का साथ छोड़ना पड़ा भारी,रातों-रात छोड़ना पड़ा था घर
पूजा भट्ट ने खुलासा किया कि महेश भट्ट द्वारा ओशो का साथ छोड़ने के बाद उनके परिवार को सुरक्षा कारणों से रातों-रात पुणे के एक सेफ हाउस में जाना पड़ा था।
पूजा भट्ट ने महेश भट्ट और ओशो से जुड़ा चौंकाने वाला किस्सा सुनाया
ओशो का साथ छोड़ने के बाद परिवार को रातों-रात सेफ हाउस में जाना पड़ा
महेश भट्ट बोले थे- मैं खुद से और दुनिया से झूठ नहीं बोल सकता
बॉलीवुड अभिनेत्री पूजा भट्ट ने अपने परिवार से जुड़ा एक ऐसा किस्सा साझा किया है, जिसने सभी को चौंका दिया। उन्होंने बताया कि जब उनके पिता महेश भट्ट ने ओशो (रजनीश) का साथ छोड़ने का फैसला लिया, तब हालात इतने तनावपूर्ण हो गए थे कि पूरे परिवार को आधी रात में पुणे के एक सुरक्षित ठिकाने पर जाना पड़ा।
साइरस सेज के पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान पूजा भट्ट ने बताया कि एक समय महेश भट्ट ओशो के बेहद समर्पित अनुयायी थे। हालांकि बाद में उन्होंने इस आध्यात्मिक रास्ते से अलग होने का फैसला किया, जिसके बाद उनके परिवार को मुश्किल दौर का सामना करना पड़ा।
पूजा ने कहा कि उनके पिता ने गले में पहनी हुई ओशो की माला उतारकर उसे टॉयलेट में फ्लश कर दिया था। इस घटना के बाद उन्हें ओशो के समूह से बाहर कर दिया गया और हालात इतने बिगड़ गए कि वे खुद को असुरक्षित महसूस करने लगे।
उन्होंने बताया कि अभिनेता Vinod Khanna के जरिए उनकी मां तक एक संदेश पहुंचा था कि "भगवान बहुत गुस्से में हैं और महेश को खत्म कर देंगे।" पूजा के मुताबिक उस समय वह काफी छोटी थीं और इसी वजह से पूरे परिवार को आधी रात में पुणे के एक सेफ हाउस में शिफ्ट किया गया।
महेश भट्ट इससे पहले भी अपनी आध्यात्मिक यात्रा को लेकर खुलकर बात कर चुके हैं। उन्होंने बताया था कि शुरुआती फिल्मों के लगातार फ्लॉप होने के बाद वह जीवन के जवाब तलाश रहे थे और इसी दौरान ओशो के संपर्क में आए।
उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा था कि उन्होंने खुद को पूरी तरह ओशो को समर्पित कर दिया था। वह केसरिया वस्त्र पहनते थे और दिन में कई बार ध्यान करते थे। लेकिन समय के साथ उन्हें महसूस हुआ कि उनके भीतर और बाहर की सोच में बड़ा अंतर है।
महेश भट्ट के अनुसार उन्हें लगने लगा था कि वह अंदर से अब भी ईर्ष्या और अन्य भावनाएं महसूस करते हैं, जबकि बाहर आध्यात्मिक होने का प्रदर्शन कर रहे हैं। इसी एहसास के बाद उन्होंने यह रास्ता छोड़ने का फैसला लिया और कहा कि वह खुद से और दुनिया से झूठ नहीं बोल सकते।
पूजा भट्ट ने यह भी बताया कि जहां उनके पिता ने ओशो का साथ छोड़ दिया, वहीं Vinod Khanna अंत तक ओशो के अनुयायी बने रहे और बाद में अमेरिका के ओरेगन स्थित आश्रम में भी रहने चले गए।
pooja