इनेलो अध्यक्ष चौटाला का खुलासा: इस्तीफे के बाद धनखड़ ने सरकारी आवास में महसूस की घुटन
अभय चौटाला ने खुलासा किया कि इस्तीफे के बाद पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ को सरकारी आवास में घुटन महसूस होती थी। अब वे चौटाला फार्महाउस में रह रहे हैं और पूरी तरह स्वस्थ हैं।
➤ अभय चौटाला का खुलासा- इस्तीफे के बाद जगदीप धनखड़ को सरकारी आवास में घुटन महसूस होती थी
➤ धनखड़ ने छोड़ा उपराष्ट्रपति आवास, अब छतरपुर स्थित चौटाला फार्महाउस में रह रहे हैं
➤ अभय बोले- धनखड़ स्वस्थ हैं, रोज टेबल टेनिस और स्विमिंग करते हैं
हरियाणा की राजनीति में बड़ा बयान सामने आया है। इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ को लेकर कई खुलासे किए हैं। एक पॉडकास्ट बातचीत में अभय चौटाला ने बताया कि धनखड़ ने उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा देने के बाद उन्हें निजी तौर पर कहा था कि सरकारी आवास में उनका दम घुटता है और वे वहां नहीं रहना चाहते।
अभय चौटाला ने कहा, “इस्तीफे के बाद जब मैंने उनसे बात की तो उन्होंने साफ कहा कि मुझे इस घर में घुटन महसूस होती है। मैं यहां रहना नहीं चाहता। इसके बाद मैंने उन्हें अपने छतरपुर स्थित फार्महाउस में रहने का आग्रह किया।”
उन्होंने यह भी कहा कि चौटाला परिवार और धनखड़ परिवार का संबंध 40 साल पुराना है। ऐसे में धनखड़ उनके लिए मेहमान नहीं बल्कि परिवार के सदस्य की तरह हैं। अभय चौटाला ने साफ कहा कि यह फार्महाउस उनका नहीं बल्कि धनखड़ का ही घर है और वह चाहें तो छह महीने, साल या दो साल यहीं रह सकते हैं।
बता दें कि जगदीप धनखड़ ने 21 जुलाई को मानसून सत्र के पहले दिन स्वास्थ्य कारणों का हवाला देकर उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा दिया था। इसके बाद 1 सितंबर को उन्होंने अपना सरकारी आवास खाली कर दिया और अभय चौटाला के छतरपुर फार्महाउस में शिफ्ट हो गए। हालांकि, अभय चौटाला ने कहा कि धनखड़ पूरी तरह स्वस्थ हैं। वह सुबह-शाम टेबल टेनिस खेलते हैं और दोनों टाइम स्विमिंग भी करते हैं।
अभय चौटाला ने यह भी कहा कि ताऊ देवीलाल की जयंती पर 25 सितंबर को रोहतक में होने वाली रैली में धनखड़ आएंगे या नहीं, इस पर अभी उनसे बात नहीं हुई है। जल्द ही वह धनखड़ से मुलाकात कर इस पर चर्चा करेंगे।
चौटाला ने यह भी ऐलान किया कि धनखड़ परिवार की नजदीकी का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि ओपी चौटाला म्यूजियम का उद्घाटन भी धनखड़ ही करेंगे। यह म्यूजियम सिरसा स्थित चौधरी देवीलाल इंस्टीट्यूट में बनाया गया है, जिसमें चौधरी देवीलाल और ओपी चौटाला से जुड़ी महत्वपूर्ण वस्तुएं रखी गई हैं।