NEET में कम अंक आने के बाद हरियाणा की छात्रा ने की आत्मह*त्या, 13 दिन बाद हुआ खुलासा
रोहतक में NEET-2026 में कम अंक आने के बाद छात्रा की आत्महत्या का मामला सामने आया। CJP के परिवार से मिलने पर घटना का खुलासा हुआ और सहायता का आश्वासन दिया गया।
NEET में कम अंक आने के बाद रोहतक की छात्रा ने की आत्महत्या, मामला 13 दिन बाद आया सामने
परिजनों ने पहले हार्ट अटैक बताकर किया अंतिम संस्कार, बाद में CJP को बताई पूरी घटना
CJP ने परिवार से मुलाकात कर हरसंभव सहायता और सरकारी मुआवजे की मांग का भरोसा दिया
हरियाणा के रोहतक जिले में NEET-2026 परीक्षा परिणाम के बाद एक छात्रा द्वारा आत्महत्या किए जाने का मामला सामने आया है। यह घटना उस समय चर्चा में आई, जब कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का प्रतिनिधिमंडल छात्रा के घर पहुंचा। परिवार ने बताया कि परीक्षा में उम्मीद से कम अंक आने के बाद छात्रा गहरे मानसिक तनाव में चली गई थी और अगले दिन उसने फांसी लगाकर जान दे दी।
मृतक छात्रा की पहचान आरजू के रूप में हुई है। वह रोहतक के गांव आंवल की रहने वाली थी। परिवार के अनुसार, उसने 3 मई 2026 को पहली बार NEET परीक्षा दी थी। आंसर-की के आधार पर उसे करीब 480 अंक मिलने की उम्मीद थी, लेकिन पेपर लीक विवाद के बाद परीक्षा रद्द कर दी गई।
इसके बाद 21 जून को दोबारा परीक्षा आयोजित हुई। 16 जुलाई को घोषित परिणाम में आरजू के 220 अंक आए। परिजनों का कहना है कि परिणाम देखने के बाद वह गहरे अवसाद में चली गई। अगले दिन उसने घर के बाथरूम में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
परिवार ने बताया कि घटना के समय वे गहरे सदमे में थे। सामाजिक दबाव और मानसिक स्थिति के कारण उन्होंने पुलिस को सूचना नहीं दी और बिना पोस्टमार्टम अंतिम संस्कार कर दिया। परिवार का दावा है कि डेथ सर्टिफिकेट में मौत का कारण हार्ट अटैक दर्ज कराया गया, जिसके कारण इस मामले में कोई पुलिस रिकॉर्ड या आधिकारिक जांच दर्ज नहीं हो सकी।
आरजू एक साधारण परिवार से थी और डॉक्टर बनने का सपना देख रही थी। उसके पिता पेट्रोल पंप पर काम करते हैं, जबकि मां गृहिणी हैं। उसने राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, कलानौर से 10वीं में 97 प्रतिशत और 12वीं में 80 प्रतिशत अंक प्राप्त किए थे। परिवार के मुताबिक वह लंबे समय से मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रही थी।
यह मामला तब सामने आया, जब आरजू का परिवार जंतर-मंतर पर चल रहे CJP के धरने में पहुंचा और वहां पार्टी नेताओं को पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद सुधीर सांगवान के नेतृत्व में पार्टी का प्रतिनिधिमंडल छात्रा के घर पहुंचा और शोक संतप्त परिवार से मुलाकात की।
CJP ने परिवार को हरसंभव सहायता का भरोसा देते हुए कहा कि किसी भी विद्यार्थी की जान केवल एक परीक्षा या उसके परिणाम के कारण नहीं जानी चाहिए। संगठन ने कहा कि वह ऐसे सभी मामलों का डाटा एकत्र कर सरकार के समक्ष रखेगा और पीड़ित परिवारों के लिए न्याय, आर्थिक सहायता, मुआवजा तथा बेहतर काउंसलिंग व्यवस्था की मांग करेगा।
गौरतलब है कि NEET-2026 परीक्षा से जुड़े तनाव के बीच हरियाणा में यह अकेला मामला नहीं है। इससे पहले हिसार और फरीदाबाद में भी परीक्षा से जुड़े तनाव के बीच छात्राओं की आत्महत्या के मामले सामने आ चुके हैं। हालांकि प्रत्येक मामले की परिस्थितियां अलग हैं और उनकी जांच संबंधित एजेंसियों द्वारा की गई या की जा रही है।
pooja