इंडियन यूथ कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानु चिब गिरफ्तार

AI इम्पैक्ट समिट हंगामा मामले में IYC अध्यक्ष उदय भानु चिब गिरफ्तार। पटियाला हाउस कोर्ट में पेशी, पुलिस ने 7 दिन की रिमांड मांगी। जांच अब दिल्ली क्राइम ब्रांच करेगी।

इंडियन यूथ कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानु चिब गिरफ्तार

■ पटियाला हाउस कोर्ट में पेशी, पुलिस ने मांगी 7 दिन की रिमांड
दिल्ली क्राइम ब्रांच को सौंपी गई जांच
कांग्रेस बोली- गिरफ्तारी असंवैधानिक, लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला



दिल्ली में AI इम्पैक्ट समिट के दौरान हुए हंगामे के मामले में इंडियन यूथ कांग्रेस (IYC) के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब को गिरफ्तार कर लिया गया है। 23 फरवरी को दिल्ली पुलिस ने उन्हें पूछताछ के लिए बुलाया था, जहां करीब 20 घंटे तक पूछताछ चली। इसके बाद आज उन्हें पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस ने कोर्ट से 7 दिन की कस्टोडियल रिमांड की मांग की है। पुलिस का आरोप है कि चिब इस पूरी घटना के ‘मास्टरमाइंड’ हैं और प्रदर्शनकारी उनके निर्देश पर भारत मंडपम पहुंचे। पुलिस का कहना है कि लॉजिस्टिक मदद भी चिब की ओर से की गई। फिलहाल कोर्ट ने रिमांड पर आदेश सुरक्षित रखा है और दोपहर 12:30 बजे फैसला सुनाया जा सकता है। इस मामले की जांच अब दिल्ली क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई है।

क्या है मामला?

20 फरवरी को इंडियन यूथ कांग्रेस के 11 सदस्यों ने भारत मंडपम में घुसकर AI समिट के दौरान शर्टलैस होकर प्रधानमंत्री की तस्वीर वाली टी-शर्ट लहराई और “PM मोदी इज कॉम्प्रोमाइज्ड” के नारे लगाए।

इस दौरान कुछ लोग प्रदर्शनकारियों के हाथ से टी-शर्ट लेकर फेंकते दिखे थे।

कोर्ट रूम में क्या हुआ?

दिल्ली पुलिस ने दलील दी कि चिब का अन्य आरोपियों से आमना-सामना कराना और बड़ी साजिश की जांच के लिए कस्टोडियल पूछताछ जरूरी है। पुलिस के अनुसार कुछ आरोपी फिलहाल जम्मू, अमेठी और हिमाचल प्रदेश में हैं। वहीं, चिब के वकील ने कहा कि प्रदर्शनकारियों से 7-8 टी-शर्ट बरामद हुई हैं और केवल टी-शर्ट छपवाने के आधार पर कस्टोडियल पूछताछ जरूरी नहीं बनती। मामले में अब तक 8 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। मध्य प्रदेश के ग्वालियर से 3 कांग्रेस नेताओं को भी गिरफ्तार किया गया है।

दिल्ली पुलिस प्रदर्शन कर रहे कुछ लोगों को अपने साथ ले गई थी।

कांग्रेस और विपक्ष की प्रतिक्रिया

कांग्रेस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर गिरफ्तारी को असंवैधानिक बताया। पार्टी के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने पोस्ट कर कहा कि वे उन साथियों पर गर्व करते हैं जिन्होंने निडर होकर आवाज उठाई। इंडियन यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव शेष नारायण ओझा ने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन को देशविरोधी नहीं कहा जा सकता। उनका आरोप है कि सरकार विरोध की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है और कई जगह पुलिस ने लाठीचार्ज तथा वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। फिलहाल सभी की नजर कोर्ट के फैसले पर टिकी है, जिससे आगे की जांच की दिशा तय होगी।