हरियाणा का वीर सपूत पंचतत्व में विलीन… लेफ्टिनेंट अमित जाखड़ को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई
Amit Jakhar martyr, Jhajjar news, Indian Army officer, commando training death, Haryana soldier
■ कमांडो कोर्स के दौरान शहीद हुए लेफ्टिनेंट अमित जाखड़
■ गांव नौगामा में पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार
■ इकलौते बेटे की शहादत से गम में डूबा परिवार, गांव में गर्व का माहौल
हरियाणा के झज्जर जिले का गांव नौगामा रविवार को गम और गर्व की दोहरी भावनाओं से भर उठा, जब वीर सपूत लेफ्टिनेंट अमित जाखड़ पंचतत्व में विलीन हो गए। महाराष्ट्र के बेलगांव में कमांडो कोर्स के दौरान शहीद हुए अमित जाखड़ का अंतिम संस्कार पूरे राजकीय सम्मान के साथ किया गया। सेना की टुकड़ी ने सलामी देकर उन्हें अंतिम विदाई दी, जबकि उनके चाचा धर्मेंद्र ने मुखाग्नि दी।
जैसे ही शहीद का पार्थिव शरीर गांव पहुंचा, पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। अंतिम दर्शन के लिए उमड़ी भीड़ की आंखें नम थीं, लेकिन हर दिल में गर्व भी था। “भारत माता की जय” और “अमित जाखड़ अमर रहें” के नारों के बीच पूरे गांव ने अपने वीर बेटे को विदाई दी।
जानकारी के अनुसार, लेफ्टिनेंट अमित जाखड़ महाराष्ट्र के बेलगांव में कमांडो कोर्स के दौरान प्रशिक्षण ले रहे थे। इसी दौरान स्विमिंग के समय उन्हें अचानक दिल का दौरा पड़ा, जिससे उनकी शहादत हो गई। महज कुछ ही वर्षों की सेवा में उन्होंने अपनी मेहनत, अनुशासन और देशभक्ति से अलग पहचान बना ली थी।
उन्होंने 23 अप्रैल 2021 को भारतीय सेना में अपने करियर की शुरुआत की थी। कम समय में ही उन्होंने अपने कर्तव्य के प्रति समर्पण का परिचय दिया और देश सेवा के मार्ग पर चलते हुए सर्वोच्च बलिदान दे दिया। शहीद अमित जाखड़ अपने माता-पिता के इकलौते बेटे थे। ऐसे में उनकी शहादत ने परिवार को भीतर तक झकझोर दिया। अंतिम संस्कार के दौरान परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था, वहीं गांव के लोग उन्हें संभालते नजर आए। हर आंख में आंसू और दिल में गर्व की भावना साफ दिखाई दी।
परिवार की देशभक्ति की विरासत भी इस बलिदान में झलकती है। अमित के पिता भारतीय सेना में हवलदार पद से रिटायर हो चुके हैं। उन्होंने जिस देश सेवा की परंपरा को निभाया, उसी राह पर चलते हुए बेटे ने भी अपना सर्वस्व देश के नाम कर दिया।
इस भावुक माहौल में शहीद की बहन ऋतु ने जो कहा, उसने हर किसी को भावुक कर दिया। नम आंखों के साथ उसने कहा कि उसे अपने भाई पर गर्व है और वह भी सेना में जाकर देश सेवा करना चाहती है। नौगामा गांव के लोगों ने अपने वीर सपूत को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि अमित जाखड़ की शहादत को हमेशा याद रखा जाएगा। उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेगा और देश के प्रति समर्पण का संदेश देता रहेगा।
Akhil Mahajan