मानेसर में सफाई व्यवस्था पर बवाल, एजेंसी ने रोका काम

मानेसर नगर निगम में सफाई व्यवस्था को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। मेयर की जांच के बाद सफाई एजेंसी ने काम रोक दिया, जिससे 100 टन से ज्यादा कूड़ा जमा हो गया।

मानेसर में सफाई व्यवस्था पर बवाल, एजेंसी ने रोका काम

मानेसर में सफाई व्यवस्था को लेकर मेयर और एजेंसी आमने-सामने

• सफाई एजेंसी ने काम रोका, 100 टन से ज्यादा कूड़ा जमा

• मेयर ने मुख्यमंत्री से शिकायत की चेतावनी दी


गुरुग्राम के मानेसर नगर निगम में सफाई एजेंसी द्वारा काम रोके जाने के बाद वार्ड-8 में जमा कूड़े का ढेर। - Dainik Bhaskar

गुरुग्राम जिले के मानेसर नगर निगम (MCM) में सफाई व्यवस्था को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। मेयर डॉ. इंद्रजीत यादव द्वारा सफाई व्यवस्था की औचक जांच किए जाने के बाद नाराज सफाई एजेंसी ने गुरुवार को काम बंद कर दिया। इसके चलते शहर और आसपास के क्षेत्रों में कूड़े के ढेर लगने लगे हैं और सफाई व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गई है।

बताया जा रहा है कि मेयर को लगातार डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन और सफाई व्यवस्था को लेकर शिकायतें मिल रही थीं। कुछ दिन पहले स्थानीय लोगों ने मेयर की गाड़ी रोककर भी सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की थी। इसके बाद मेयर ने बुधवार को सफाई एजेंसी के कामकाज का निरीक्षण किया।

निरीक्षण के दौरान मेयर ने पूजा कॉन्सुलेशन एजेंसी की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए और नगर निगम कमिश्नर को शिकायत भेजी। इसके बावजूद एजेंसी को 60 प्रतिशत भुगतान किए जाने पर पार्षदों में भी अधिकारियों के खिलाफ नाराजगी बढ़ गई है।

मानेसर में सफाई एजेंसी द्वारा काम रोके जाने को लेकर पार्षदों के साथ मीटिंग करती मेयर डॉ. इंद्रजीत यादव।

इस विवाद के बाद एजेंसी ने नगर निगम प्रशासन को ई-मेल भेजकर काम बंद करने की आधिकारिक जानकारी दी। अचानक काम रुकने से सेक्टर-6, सेक्टर-8 और आसपास के करीब 30 गांवों में कूड़ा उठना बंद हो गया है।

जानकारी के अनुसार 100 टन से ज्यादा कूड़ा ब्लॉक हो चुका है। जगह-जगह कूड़े के ढेर लगने से बदबू और बीमारियां फैलने का खतरा बढ़ गया है। स्थानीय लोग अब एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई और ब्लैकलिस्ट करने की मांग कर रहे हैं।

मेयर डॉ. इंद्रजीत यादव ने एजेंसी के रवैये पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि जनता का पैसा लेकर काम में लापरवाही करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि 64 करोड़ रुपये के सफाई टेंडर में धांधली हुई है तो इसकी जांच करवाई जाएगी।

मेयर ने कहा कि इस मामले की शिकायत मुख्यमंत्री नायब सैनी, सांसद इंद्रजीत यादव, अधिकारियों और शहरी स्थानीय निकाय विभाग (ULB) को की जाएगी। उन्होंने साफ कहा कि मानेसर में सफाई व्यवस्था से किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।

वहीं नगर निगम मानेसर के कमिश्नर प्रदीप कुमार ने बताया कि एजेंसी द्वारा काम बंद करने का मेल उन्हें मिल चुका है। मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है और पूरे विवाद की जांच के लिए टीम गठित कर दी गई है।

कमिश्नर ने बताया कि स्थिति को संभालने के लिए इमरजेंसी मीटिंग भी बुलाई गई है ताकि जल्द से जल्द सफाई व्यवस्था बहाल की जा सके।