P.I.E.T स्कूल के संचालकों समेत पांच पर एफआईआर, लटकी गिरफ्तारी की तलवार, शिक्षक ने भी दी शिकायत

पानीपत के P.I.E.T स्कूल में नाइट कैंप के दौरान मारपीट और धमकी के आरोपों पर पुलिस ने क्रॉस FIR दर्ज की। CCTV फुटेज और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर जांच जारी।

P.I.E.T स्कूल के संचालकों समेत पांच पर एफआईआर, लटकी गिरफ्तारी की तलवार,  शिक्षक ने भी दी शिकायत
  • P.I.E.T स्कूल विवाद में पुलिस ने क्रॉस FIR दर्ज की

  • बच्चों के साथ मारपीट, धमकी और दुर्व्यवहार के गंभीर आरोप

  • दोनों पक्षों की शिकायत पर पुलिस CCTV और मेडिकल रिपोर्ट खंगाल रही



पानीपत के नामी-गरामी P.I.E.T स्कूल में आयोजित नाइट कैंप के दौरान विवाद ने तूल पकड़ लिया है। विवाद को लेकर P.I.E.T स्कूल के संचालक समेत पांच पर मामला दर्ज हुआ है। राकेश तायल, सुरेश तायल,  बविता सिंह (डायरेक्‍टर), अमन (टीचर) पर संगीन आरोप लगे हैं।  गिरफ्तारी की तलवार लटक गई है। वहीं शिक्षक ने भी मामले में क्रास शिकायत दी है। जिसके आधार पर पुलिस ने कुछ अभिभावकों पर मामला दर्ज किया है।

 

मामला शनिवार देर रात  का बताया जा रहा है। शिकायतकर्ता पारस चंदन निवासी सेक्टर-12 हुडा ने थाना चांदनी बाग और पुलिस चौकी हल्दाना में दी दरखास्त में आरोप लगाया कि कैंप के दौरान शिक्षक कृष्ण गुलिया और अमन ने नशे में धुत होकर बच्चों के साथ मारपीट की। शिकायत के अनुसार बच्चों को ठंड में नंगे पैर भागने के लिए मजबूर किया गया और जो नहीं भाग सके उन्हें थप्पड़, मुक्के और कोहनी से मारा गया

शिकायतकर्ता ने कहा कि कई बच्चों को सिर, रीढ़ और चेहरे पर चोटें आईं, जिनकी मेडिकल जांच करवाई गई है। इस शिकायत पर थाना समालखा में FIR संख्या 776 दर्ज की गई है, जिसमें धारा 115(2), 351(3), 3(5) BNS और 82(1) JJ Act 2015 शामिल की गई हैं। पुलिस टीम कैंप स्थल का निरीक्षण कर चुकी है और जांच आगे बढ़ रही है। इसे लेकर अभिभावकों में खासा रोष है। मामले को लेकर अभिभावक रोष जता चुके हैं। 

दूसरी तरफ आरोपी शिक्षक कृष्ण गुलिया ने भी शिकायत देकर उल्टा अभिभावकों पर हमला व धमकी देने का आरोप लगाया है। कृष्ण गुलिया का कहना है कि अभिभावक स्कूल प्रबंधन के कार्यालय में घुस आए और स्टाफ से दुर्व्यवहार किया, थप्पड़ मारे और जान से मारने की धमकी दी। इस शिकायत पर थाना चांदनी बाग में FIR नंबर 790 दर्ज की गई है, जिसमें धारा 115(2), 351(3), 126(2), 3(5) BNS लगाई गई हैं।

पुलिस का कहना है कि दोनों FIR की अलग-अलग जांच की जा रही है और CCTV फुटेज, बच्चों व अभिभावकों के बयान, मेडिकल रिपोर्ट और स्टाफ की मौजूदगी की पुष्टि की जा रही है। मामला बेहद संवेदनशील होने के चलते निगरानी बढ़ा दी गई है।

जानें क्‍या है मामला