गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान जगतार सिंह बिल्ला ने केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया, कहा देश को सहारा देने वाला पंजाब आज बेसहारा क्यों?
गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी प्रधान जगतार सिंह बिल्ला ने केंद्र सरकार पर पंजाब की बाढ़ राहत में भेदभाव का आरोप लगाया। हिमाचल और उत्तराखंड को सहायता मिली, लेकिन पंजाब को अभी तक राहत पैकेज नहीं।
➤ हिमाचल और उत्तराखंड को बाढ़ राहत में सैंकड़ों करोड़ की केंद्रीय सहायता मिली, पंजाब को अब तक नहीं
➤ गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी प्रधान जगतार सिंह बिल्ला ने केंद्र सरकार की अनदेखी पर नाराजगी जताई
➤ बिल्ला ने कहा, आपदा में राजनीति नहीं, मदद का वक्त है; केंद्र को तुरंत पंजाब को राहत पैकेज देना चाहिए
समालखा,अशोक शर्मा
हिमाचल और उत्तराखंड को बाढ़ राहत में सैकड़ों करोड़ की केंद्रीय मदद मिली,लेकिन पंजाब को अब तक एक रुपया भी नहीं।इसी भेदभाव पर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान जगतार सिंह बिल्ला ने केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा देश को सहारा देने वाला पंजाब आज बेसहारा क्यों है।
बिल्ला ने बताया कि हिमाचल प्रदेश को तुरंत 220 करोड़ रुपए और उत्तराखंड को 455 करोड़ रुपए की राहत राशि जारी की गई, जो सराहनीय है। लेकिन इसके विपरीत पंजाब की अनदेखी की जा रही है। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा, “अगर पंजाब खुद बाढ़ से तबाह न होता तो अकेले हिमाचल-उत्तराखंड को संभाल लेता।”
उन्होंने यह भी याद दिलाया कि पंजाब ने हमेशा देश का साथ दिया है – चाहे वह अन्नदान के रूप में हो, सरहद पर बलिदान के तौर पर हो या हर आपदा में मदद का हाथ बढ़ाकर हो। लेकिन आज जब पंजाब की स्थिति बेहद गंभीर है, तब दिल्ली में सत्ता पर बैठे लोगों की चुप्पी शर्मनाक है।
जगतार सिंह बिल्ला ने जोर देकर कहा कि यह वक्त राजनीति का नहीं, बल्कि मानवता और आपदा प्रबंधन का है। उन्होंने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि पंजाब की अनदेखी बंद की जाए और राज्य को उचित राहत पैकेज तुरंत घोषित किया जाए। उनका यह बयान सामाजिक व राजनीतिक हलकों में गूंज उठा है, जहां पंजाब की बेहतरी और संकट प्रबंधन पर व्यापक बहस छिड़ चुकी है।