सोनीपत में साइबर ठगी का बड़ा खुलासा: अमेरिका के लोगों को बनाते थे निशाना, 3 आरोपी गिरफ्तार

सोनीपत पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय साइबर ठगी नेटवर्क का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। आरोपियों से 2 करोड़ की USDT, 5 लाख नकद, मोबाइल और लैपटॉप बरामद हुए।

सोनीपत में साइबर ठगी का बड़ा खुलासा: अमेरिका के लोगों को बनाते थे निशाना, 3 आरोपी गिरफ्तार

➤ ओमैक्स सिटी से 3 साइबर ठग गिरफ्तार
➤ मोबाइल-लैपटॉप समेत 2 करोड़ की USDT बरामद
➤ फेक एप से अमेरिका के नागरिकों को बनाते थे शिकार


सोनीपत पुलिस ने साइबर ठगी के एक बड़े अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक आरोपी सोनीपत का रहने वाला बताया गया है, जबकि दो अन्य आरोपी बाहरी राज्यों से जुड़े हुए हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से कई मोबाइल फोन, लैपटॉप, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, करीब 2 करोड़ रुपये की USDT (क्रिप्टो करेंसी) और लगभग 5 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं। कार्रवाई ओमैक्स सिटी इलाके में की गई।

एसयूएजी प्रभारी इंस्पेक्टर अजय धनखड़ ने बताया कि आरोपी बेहद शातिर तरीके से साइबर फ्रॉड को अंजाम देते थे। यह गिरोह खासतौर पर विदेशों, विशेषकर अमेरिका में रहने वाले लोगों को निशाना बनाता था। आरोपी पहले लोगों के मोबाइल पर एक फर्जी एप्लीकेशन भेजते थे। जैसे ही कोई व्यक्ति उस एप को डाउनलोड करता, उसका मोबाइल हैक हो जाता था।

इसके बाद आरोपी पीड़ितों के बैंक खातों और डिजिटल वॉलेट तक पहुंच बना लेते थे और धीरे-धीरे खातों से रकम ट्रांसफर कर लेते थे। पुलिस के अनुसार आरोपियों ने साइबर ठगी के लिए आधुनिक तकनीक और डिजिटल माध्यमों का इस्तेमाल किया, जिससे लंबे समय तक वे पुलिस की नजरों से बचते रहे।

इंस्पेक्टर अजय धनखड़ ने बताया कि पुलिस को लगातार साइबर फ्रॉड से जुड़ी शिकायतें मिल रही थीं। तकनीकी जांच, डिजिटल ट्रैकिंग और गुप्त सूचना के आधार पर टीम ने ओमैक्स सिटी में छापेमारी कर तीनों आरोपियों को दबोच लिया।

गिरफ्तारी के दौरान बरामद किए गए मोबाइल फोन और लैपटॉप की जांच में कई अहम जानकारियां सामने आई हैं। एक मोबाइल फोन में करीब दो करोड़ रुपये की USDT मिलने का खुलासा हुआ है। इसके अलावा पुलिस ने करीब 5 लाख रुपये नकद भी जब्त किए हैं।

तीनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से पुलिस ने दो दिन का रिमांड हासिल किया है। पुलिस का मानना है कि पूछताछ के दौरान इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और साइबर ठगी के बड़े रैकेट का खुलासा हो सकता है।

सोनीपत पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक, फर्जी एप्लीकेशन या संदिग्ध मैसेज पर भरोसा न करें। बिना जांचे-परखे किसी एप को डाउनलोड करना भारी नुकसान का कारण बन सकता है। पुलिस ने लोगों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने की सलाह दी है।