जोजिला दर्रे पर मौत का हिमस्खलन: श्रीनगर-लेह हाईवे पर 7 की जान गई, दर्जनों वाहन बर्फ में दबे, रेस्क्यू जारी
श्रीनगर-लेह हाईवे पर जोजिला दर्रे के पास एवलांच में 7 लोगों की मौत हो गई और कई वाहन बर्फ में दब गए, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।
■ श्रीनगर-लेह हाईवे पर जोजिला पास के पास एवलांच, 7 की मौत
■ 12 से ज्यादा वाहन 6 फीट बर्फ में दबे, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
■ कई राज्यों में मौसम का अलर्ट, आंधी-बारिश की चेतावनी
श्रीनगर/लेह: जम्मू-कश्मीर में श्रीनगर-लेह नेशनल हाईवे पर शुक्रवार शाम बड़ा हादसा हो गया, जब जोजिला दर्रे के पास अचानक एवलांच (हिमस्खलन) आ गया। इस भीषण हादसे में कम से कम 7 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 12 से अधिक वाहन करीब 6 फीट से ज्यादा बर्फ के नीचे दब गए। घटना शाम करीब 4 बजे जीरो प्वाइंट के पास हुई, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, देखते ही देखते भारी मात्रा में बर्फ पहाड़ों से नीचे गिरी और सड़क पर चल रहे वाहनों को अपनी चपेट में ले लिया। कई कारें और ट्रक बर्फ में पूरी तरह दब गए, जिससे लोगों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिला। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया।
पुलिस और प्रशासन की टीमों ने तेजी से कार्रवाई करते हुए अब तक 5 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया है, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, बाकी फंसे लोगों को निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी है। भारी बर्फबारी और खराब मौसम के कारण राहत कार्य में भी दिक्कतें आ रही हैं, लेकिन टीमें लगातार जुटी हुई हैं।
हादसे के बाद सड़क पर जमा बर्फ और मलबे को हटाने का काम भी शुरू कर दिया गया है, ताकि हाईवे को जल्द से जल्द खोला जा सके। जोजिला दर्रा पहले से ही संवेदनशील क्षेत्र माना जाता है, जहां मौसम अचानक बदल जाता है और इस तरह के हादसों का खतरा बना रहता है।
इसी बीच मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए कई राज्यों में अलर्ट जारी किया है। 28 मार्च को अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं 29 मार्च को हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़ और दिल्ली समेत कई राज्यों में 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने और बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है।
इस हादसे ने एक बार फिर पहाड़ी इलाकों में यात्रा के दौरान सावधानी और मौसम की जानकारी को नजरअंदाज न करने की जरूरत को उजागर कर दिया है।
Akhil Mahajan