Gold Silver Price Today: सर्राफा बाजार में फिर तेजी, चांदी ₹18 हजार उछली, सोना करीब ₹6 हजार महंगा
Gold Silver Price Today: बजट के तीसरे दिन सोने और चांदी की कीमतों में तेज उछाल। चांदी ₹18 हजार और सोना करीब ₹6 हजार महंगा, जानिए पूरी वजह।
➤ बजट के तीसरे दिन सोने-चांदी की कीमतों में तेज रिकवरी, एक दिन पहले आई थी भारी गिरावट
➤ MCX पर सोना ₹6 हजार तक चढ़ा, चांदी ने ₹18 हजार की छलांग लगाई
➤ अंतरराष्ट्रीय बाजार में अस्थिरता, डॉलर मजबूत होने से निवेशकों की रणनीति बदली
Gold Silver Price Today: सर्राफा बाजार में उतार-चढ़ाव का दौर लगातार जारी है। बजट के तीसरे दिन सोने और चांदी की कीमतों में एक बार फिर तेजी देखने को मिली है। एक दिन पहले जहां सोना करीब ₹8000 तक सस्ता हो गया था और चांदी में ₹31,800 रुपये तक की बड़ी गिरावट दर्ज की गई थी, वहीं आज बाजार ने पलटवार करते हुए मजबूती दिखाई है।
आज सोने की कीमतों में करीब ₹6000 की तेजी दर्ज की गई है, जबकि चांदी के भाव में ₹18,000 रुपये तक का उछाल देखने को मिला है। इससे साफ है कि निवेशकों के बीच अस्थिरता बनी हुई है और बाजार फिलहाल किसी एक दिशा में टिकता नजर नहीं आ रहा।
सोमवार को MCX पर सोने का भाव ₹8,187 रुपये गिरकर ₹1,34,000 प्रति 10 ग्राम पर आ गया था, जिसमें करीब 5.76 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई थी। वहीं चांदी ₹31,878 रुपये टूटकर ₹2.33 लाख रुपये प्रति किलो पर पहुंच गई थी, जिसमें करीब 12 प्रतिशत की बड़ी गिरावट देखी गई।
शाम तक बदली तस्वीर
हालांकि, दिन चढ़ने के साथ बाजार में सुधार देखने को मिला। शाम 4:45 बजे तक सोना ₹983 रुपये बढ़कर ₹1,43,200 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गया। वहीं चांदी पिछली गिरावट से संभलते हुए ₹2,51,800 रुपये प्रति किलो के स्तर पर कारोबार करती नजर आई। हालांकि इसमें अब भी अस्थिरता बनी हुई है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार का असर
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने-चांदी की कीमतों में दबाव देखने को मिला। सोमवार की शुरुआती ट्रेडिंग में स्पॉट गोल्ड करीब 4% तक फिसल गया, जबकि चांदी में भी इसी के आसपास गिरावट दर्ज की गई।
12 प्रतिशत तक टूटने के बाद चांदी 80 डॉलर प्रति औंस के स्तर से ऊपर टिकने में सफल रही। जानकारों के मुताबिक, चांदी में यह गिरावट बीते 10 वर्षों की सबसे तेज इंट्राडे गिरावट मानी जा रही है।
गिरावट और तेजी की वजह क्या?
बीते एक साल में सोने और चांदी की कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई थीं। वैश्विक तनाव, कमजोर होती मुद्राएं और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की स्वतंत्रता को लेकर आशंकाओं के चलते निवेशकों ने सुरक्षित निवेश के तौर पर सोने-चांदी में भारी निवेश किया।
हालिया गिरावट की बड़ी वजह उस खबर को माना जा रहा है, जिसमें कहा गया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप फेड चेयर के तौर पर केविन वॉर्श को नामित करने की योजना बना रहे हैं। इस खबर के बाद डॉलर मजबूत हुआ, जिससे नरम डॉलर की उम्मीद कर रहे ट्रेडर्स की धारणा कमजोर पड़ी और कीमती धातुओं पर दबाव बढ़ा।
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में भी सोने-चांदी की कीमतों में तेज उतार-चढ़ाव बना रह सकता है और निवेशकों को सतर्कता बरतनी चाहिए।
Akhil Mahajan