हरियाणा में कमर्शियल LPG सिलेंडर सप्लाई के लिए नई व्यवस्था, जानें किन्‍हें मिलेगा झटपट सिलेंडर

हरियाणा सरकार ने कमर्शियल LPG सिलेंडरों की सप्लाई के लिए नई व्यवस्था लागू की है। जिलों में DC की अध्यक्षता में कमेटी बनाकर जरूरत और प्राथमिकता के आधार पर गैस का आवंटन किया जाएगा।

हरियाणा में कमर्शियल LPG सिलेंडर सप्लाई के लिए नई व्यवस्था, जानें किन्‍हें मिलेगा झटपट सिलेंडर

हरियाणा में कमर्शियल LPG सिलेंडर सप्लाई के लिए नई व्यवस्था लागू
जिलों में DC की अध्यक्षता में कमेटी करेगी गैस का आवंटन
अस्पताल, हॉस्टल और शादी समारोहों को मिलेगी प्राथमिकता


चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने राज्य में कमर्शियल LPG सिलेंडरों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए नई व्यवस्था लागू करने का फैसला किया है। सरकार की ओर से जारी निर्देशों के अनुसार अब हर जिले में डिप्टी कमिश्नर (DC) की अध्यक्षता में एक विशेष कमेटी बनाई जाएगी, जो जरूरत और प्राथमिकता के आधार पर गैस सिलेंडरों का आवंटन करेगी। सरकार का कहना है कि इस व्यवस्था से जरूरी सेवाओं को गैस की कमी का सामना नहीं करना पड़ेगा और सिलेंडरों का वितरण व्यवस्थित तरीके से हो सकेगा।

राज्य सरकार को मिलेगा 20 प्रतिशत LPG स्टॉक

सरकारी आदेश के अनुसार कमर्शियल LPG की दैनिक औसत खपत का 20 प्रतिशत हिस्सा राज्य सरकारों के लिए आरक्षित रहेगा। इस गैस का इस्तेमाल मुख्य रूप से जरूरी सेवाओं और विशेष परिस्थितियों में किया जाएगा। जिलों में गठित होने वाली कमेटी उपलब्ध स्टॉक और स्थानीय जरूरत को देखते हुए सिलेंडरों का आवंटन तय करेगी।

इन क्षेत्रों को दी जाएगी प्राथमिकता

नई व्यवस्था के तहत कुछ संस्थानों और जरूरतमंद मामलों को प्राथमिकता के आधार पर गैस सिलेंडर दिए जाएंगे

  • अस्पतालों को कमर्शियल LPG सिलेंडर प्राथमिकता से उपलब्ध कराए जाएंगे।

  • शैक्षणिक संस्थानों और छात्रावासों को जरूरत के अनुसार गैस दी जाएगी।

  • शादी समारोहों के लिए भी आवश्यकतानुसार सिलेंडर उपलब्ध कराए जा सकेंगे।

  • विशेष परिस्थितियों में बेटियों की शादी जैसे मामलों को भी प्राथमिकता दी जा सकती है।

जिलों में बनेगी यह कमेटी

सरकार के आदेश के अनुसार हर जिले में बनने वाली कमेटी में कई प्रशासनिक अधिकारी शामिल होंगे।

  • डिप्टी कमिश्नर (DC) – अध्यक्ष

  • पुलिस अधीक्षक (SP) – सदस्य

  • मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) – सदस्य

  • जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) – सदस्य

  • जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक (DFSC) – सदस्य सचिव

यह कमेटी जिले में उपलब्ध गैस स्टॉक और आवश्यकताओं का आकलन कर सिलेंडरों का आवंटन तय करेगी।

अन्य प्रतिष्ठानों को नहीं मिलेगी प्राथमिकता

केंद्र सरकार के निर्देशों के अनुसार अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को कमर्शियल LPG सिलेंडर देने में प्राथमिकता नहीं दी जाएगी। इससे जरूरी सेवाओं और महत्वपूर्ण जरूरतों को गैस उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाएगा।

तेल कंपनियों से रहेगा समन्वय

सरकार ने जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक (DFSC) को निर्देश दिए हैं कि वे तेल विपणन कंपनियों के स्थानीय अधिकारियों के साथ समन्वय बनाकर आरक्षित 20 प्रतिशत LPG स्टॉक की उपलब्धता सुनिश्चित करें। इस नई व्यवस्था का उद्देश्य राज्य में जरूरी सेवाओं के लिए गैस की निर्बाध सप्लाई बनाए रखना है।