भिवानी में ह*त्यारोपियों की गिरफ्तारी को लेकर 5 घंटे रहा हाईवे जाम, SP ने दिया गिरफ़्तारी का आश्वासन
हरियाणा के भिवानी में भूमि विवाद को लेकर किसान करण सिंह की हत्या का आरोप। परिजन आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर हाईवे जाम कर धरने पर बैठे। पुलिस ने सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया।
➤ भिवानी में 29 वर्षीय किसान की योजनाबद्ध हत्या का आरोप, परिजन धरने पर बैठे
➤ पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया, परिजन 5 घंटे तक हाईवे जाम रहे
➤ भूमि विवाद को लेकर सज्जन और अन्य लोगों पर गंभीर हमले का आरोप, 3 साल से कोर्ट में चल रहा मामला
हरियाणा के भिवानी जिले में मंगलवार सुबह 29 वर्षीय किसान करण सिंह की मौत को लेकर बवाल मच गया। मृतक के परिजनों ने आरोप लगाया कि यह हत्या पूरी तरह से योजनाबद्ध तरीके से की गई है, लेकिन पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं की। इससे नाराज परिजन दिल्ली-पिलानी नेशनल हाईवे पर धरने पर बैठ गए और हाईवे जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
पुलिस ने सूचना मिलते ही सख्त कदम उठाया। SP सुमित कुमार और लोहारू के DSP संजीव कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। परिजनों को समझाने का प्रयास किया गया, लेकिन वे आरोपियों की गिरफ्तारी पर अड़े रहे। पुलिस ने परिजनों को आश्वासन दिया कि जल्द कार्रवाई होगी। करीब 5 घंटे बाद परिजन रोड से हटे और यातायात सुचारू किया गया। इस दौरान भारी पुलिस बल भी तैनात रहा।
मृतक करण सिंह लोहारू के जुई खुर्द गांव का निवासी था। खेतीबाड़ी और मजदूरी करके परिवार का पालन-पोषण करता था। उसके पीछे 8 साल का बेटा भी है। करण की चाचा के बेटे रजनीश के मुताबिक, यह हमला भूमि विवाद के चलते हुआ था। करण पर गंभीर हमला किया गया, जिसमें उसकी घुटने के ऊपर से नुकीली चीज घुस गई। पहले उसे भिवानी अस्पताल में भर्ती किया गया, फिर रोहतक PGI और अंततः दिल्ली के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के दौरान 14 सितंबर को उसकी मौत हो गई।
परिजनों का कहना है कि यह विवाद करीब 3 साल पुराना है और कोर्ट में मामला चल रहा है। उनके अनुसार, भूमि को कंस्ट्रक्शन जमीन में बदलकर कब्जा करने की साजिश थी। सज्जन नामक व्यक्ति और अन्य आरोपी पहले से ही जमीन पर कब्जा कर चुके थे और करण का विरोध कर रहा था। इस दौरान आरोपी सज्जन ने अपने लोगों के साथ मिलकर घातक हमला किया।
परिजनों ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाए और निष्पक्ष जांच कराई जाए ताकि उन्हें न्याय मिल सके।