विदेश से चला रहा था दहशत का साम्राज्य, दिल्ली एयरपोर्ट से दबोचा गया शीलू डाहर

पानीपत में रंगदारी और फायरिंग की वारदातों से जुड़े शीलू डाहर को दिल्ली एयरपोर्ट से हिरासत में लिया गया। आरोपी विदेश में बैठकर गैंग संचालित कर रहा था और युवाओं को लालच देकर अपराध में शामिल कर रहा था।

विदेश से चला रहा था दहशत का साम्राज्य, दिल्ली एयरपोर्ट से दबोचा गया शीलू डाहर

पानीपत में रंगदारी और फायरिंग नेटवर्क पर पुलिस का बड़ा प्रहार

➤ विदेश में बैठकर चला रहा था रंगदारी गिरोह
➤ समालखा और महराना फायरिंग कांड से जुड़ा नाम
➤ नाबालिग और युवाओं को पैसों का लालच देकर बनाया मोहरा

पानीपत। जिले में लंबे समय से दहशत और रंगदारी का नेटवर्क संचालित कर रहे कुख्यात शीलू डाहर को पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दिल्ली एयरपोर्ट से हिरासत में लिया है। पुलिस के अनुसार शीलू विदेश में बैठकर जिले में आपराधिक गतिविधियों को अंजाम दिलवा रहा था और हाल ही में हुई दो सनसनीखेज वारदातों के तार सीधे उसी से जुड़े पाए गए हैं।

जनवरी माह में हुई घटनाओं ने पुलिस प्रशासन को सतर्क कर दिया था। 6 जनवरी की रात समालखा की गुड़ मंडी स्थित एक मिठाई की दुकान पर फायरिंग कर करीब एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई थी। इसके बाद 24 जनवरी को महराना में ट्रांसपोर्टर सी. सुब्रमण्यम पर जानलेवा हमला कराया गया। दोनों वारदातों में जिस तरीके से कम उम्र के युवाओं को शामिल किया गया, उसने पुलिस को चौंका दिया।

जांच में खुलासा हुआ कि आरोपियों को 50-50 हजार रुपये का लालच देकर अपराध में शामिल किया गया। समालखा फायरिंग मामले में निखिल, प्रिंस और वंश को गिरफ्तार किया जा चुका है। इनमें एक 12वीं कक्षा का छात्र भी शामिल है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि गिरोह युवाओं को आसान पैसे का झांसा देकर अपराध की दुनिया में धकेल रहा था।

एसपी ने बताया कि शीलू डाहर के खिलाफ पहले ही लुक आउट सर्कुलर जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई थी। एयरपोर्ट पर उसकी लोकेशन मिलते ही पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। अब उससे पूछताछ कर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा रही है। पुलिस उन व्यक्तियों को भी रडार पर ले रही है, जिन्होंने गैंग को संरक्षण या संसाधन उपलब्ध कराए।

आरोपी प्रिंस का आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है। दिसंबर 2024 में चांदनी बाग क्षेत्र में एक व्यापारी से 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगने और पुलिस पर फायरिंग करने का मामला दर्ज है। घेराबंदी के दौरान पुलिस पर की गई फायरिंग में एक एसआई घायल हुआ था। फिलहाल पुलिस का दावा है कि जिले में सक्रिय गैंग नेटवर्क को जड़ से खत्म करने के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है और विदेश में बैठकर अपराध संचालित करने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।