CBLU में भ्रष्टाचार उजागर करने पर NSUI नेता को रोके जाने का आरोप: कांग्रेस ने सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन को घेरा
CBLU भिवानी में भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर NSUI नेता को रोके जाने का मामला गरमाया। कांग्रेस प्रवक्ता ने मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को जिम्मेदार ठहराया।
➤ भ्रष्टाचार के आरोपों के विरोध में NSUI जिला अध्यक्ष को पुलिस ने रोका
➤ कांग्रेस प्रवक्ता ने सीएम और शिक्षा मंत्री पर साधा सीधा निशाना
➤ छात्र आवाज़ दबाने के आरोप, आंदोलन तेज करने की चेतावनी
हरियाणा के चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय (CBLU), भिवानी में कथित भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाना एक बार फिर सियासी और प्रशासनिक टकराव का कारण बन गया है। NSUI भिवानी जिला अध्यक्ष मंजीत लांगायन को विश्वविद्यालय में कथित अनियमितताओं का विरोध करने से रोके जाने और उनके साथ अभद्र व्यवहार किए जाने के आरोप लगे हैं।
इस पूरे घटनाक्रम को लेकर हरियाणा कांग्रेस प्रवक्ता नरेंद्र राज गागड़वास ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि “आज सच बोलना गुनाह बना दिया गया है। विश्वविद्यालय में भ्रष्टाचार उजागर करने पर एक छात्र नेता को रोका जाना केवल एक व्यक्ति पर कार्रवाई नहीं, बल्कि हर उस छात्र की आवाज़ को दबाने का प्रयास है जो अन्याय के खिलाफ खड़ा होता है।”
नरेंद्र राज गागड़वास ने CBLU प्रशासन पर लगे भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों को लेकर हरियाणा सरकार को सीधे कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल विश्वविद्यालय प्रशासन तक सीमित नहीं है, बल्कि इसकी नैतिक जिम्मेदारी मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री की भी बनती है।
कांग्रेस प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि छात्र संगठनों को दबाने के लिए पुलिस का इस्तेमाल किया जा रहा है, जिससे लोकतांत्रिक मूल्यों और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक इस मामले में निष्पक्ष जांच और न्याय नहीं मिलता, तब तक छात्रों और कांग्रेस का विरोध जारी रहेगा।
इस बीच NSUI कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठा रहे थे, लेकिन प्रशासनिक दबाव के चलते उन्हें रोका गया। मामला तूल पकड़ता जा रहा है और आने वाले दिनों में विश्वविद्यालय परिसर में आंदोलन तेज होने की संभावना जताई जा रही है।
Akhil Mahajan