इनेलो पार्लियामेंट्री बोर्ड में बड़ा बदलाव, वासुदेव शर्मा बने चेयरमैन
इनेलो ने नेशनल पार्लियामेंट्री बोर्ड में बड़ा फेरबदल करते हुए पूर्व मंत्री पंडित वासुदेव शर्मा को चेयरमैन और पूर्व विधायक भरत सिंह छौक्कर को मेंबर सेक्रेटरी बनाया।
➤ पूर्व मंत्री पंडित वासुदेव शर्मा को बनाया गया नेशनल पार्लियामेंट्री बोर्ड का चेयरमैन
➤ पूर्व विधायक भरत सिंह छौक्कर को मेंबर सेक्रेटरी की जिम्मेदारी
➤ कांग्रेस से आए दिग्गजों को अहम पद, ब्राह्मण फेस का संकेत
चंडीगढ़। इंडियन नेशनल लोकदल (INLD) ने संगठनात्मक मजबूती और आगामी राजनीतिक रणनीति को ध्यान में रखते हुए नेशनल पार्लियामेंट्री बोर्ड में बड़ा बदलाव किया है। पार्टी ने राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला की जगह पूर्व मंत्री पंडित वासुदेव शर्मा को बोर्ड का नया चेयरमैन नियुक्त किया है। साथ ही, पूर्व विधायक भरत सिंह छौक्कर को मेंबर सेक्रेटरी बनाया गया है। इस फेरबदल को संगठन में नए सामाजिक और राजनीतिक संतुलन की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, यह बदलाव केवल पदों का नहीं बल्कि रणनीतिक संदेश भी है। हाल के महीनों में कांग्रेस छोड़कर इनेलो में शामिल हुए नेताओं को शीर्ष स्तर पर जगह देकर पार्टी ने यह स्पष्ट किया है कि वह नए चेहरों और नए समीकरणों के साथ आगे बढ़ना चाहती है। पंडित वासुदेव शर्मा को चेयरमैन बनाकर इनेलो ने संकेत दिया है कि पार्टी उन्हें ब्राह्मण समुदाय के प्रमुख चेहरे के रूप में आगे बढ़ाने की तैयारी में है।
बोर्ड में शामिल किए गए नए सदस्य
नेशनल पार्लियामेंट्री बोर्ड में जिन नेताओं को सदस्य बनाया गया है, उनमें पूर्व विधायक शेर सिंह बडशामी, राष्ट्रीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष आरएस चौधरी, पूर्व डीजीपी एमएस मलिक, राष्ट्रीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रकाश भारती, पूर्व विधायक राधेश्याम शर्मा, डबवाली से इनेलो विधायक आदित्य देवीलाल, रानियां से इनेलो विधायक अर्जुन चौटाला, पूर्व विधायक ओम प्रकाश गोरा, पूर्व विधायक धर्मपाल ओबरा, पूर्व विधायक रणवीर सिंह मंदोला और कमल नागपाल शामिल हैं। इस बदलाव के बाद बोर्ड के सदस्यों की संख्या 6 से बढ़कर 11 हो गई है।
कांग्रेस पृष्ठभूमि से आए नेताओं को अहम जिम्मेदारी
उल्लेखनीय है कि पंडित वासुदेव शर्मा, भरत सिंह छौक्कर और शेर सिंह बडशामी हाल ही तक कांग्रेस के बड़े चेहरे माने जाते थे। इन नेताओं का इनेलो में शामिल होना और अब पार्लियामेंट्री बोर्ड में प्रमुख स्थान मिलना यह दर्शाता है कि चौधरी अभय सिंह चौटाला नए सामाजिक आधार को साधने की दिशा में गंभीर रणनीति अपना रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम न केवल संगठन को विस्तार देगा बल्कि आगामी चुनावों में इनेलो की जातीय और क्षेत्रीय पकड़ को भी मजबूत करेगा। पार्टी के भीतर इसे नई टीम, नया संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
Akhil Mahajan