हरियाणा से लुटेरी दुल्‍हन गिरफ्तार, पहले जाल में फंसाती फ‍िर .....

गुरुग्राम पुलिस ने शादी के नाम पर ठगी करने वाली राजस्थान की लुटेरी दुल्हन काजल को गिरफ्तार किया। एक साल से फरार काजल पर कई जिलों में फर्जी शादी कर लाखों की ठगी करने के आरोप हैं। परिवार पहले ही जेल में है, अब गिरोह का पर्दाफाश तेज।

हरियाणा से लुटेरी दुल्‍हन गिरफ्तार, पहले जाल में फंसाती फ‍िर .....

➤ लुटेरी दुल्हन काजल को गुरुग्राम के सरस्वती इन्क्लेव से गिरफ्तार किया गया
➤ एक साल से बदल रही थी ठिकाने, शादी के नाम पर करती थी ठगी
➤ परिवार पहले ही गिरफ्तार, कई जिलों में शादी कर लाखों रुपए की ठगी का आरोप



हरियाणा के गुरुग्राम में पुलिस ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए लुटेरी दुल्हन काजल को गिरफ्तार कर लिया। यह वही काजल है जो पिछले एक साल से पुलिस को चकमा दे रही थी और शादी के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह का अहम हिस्सा थी। राजस्थान के सीकर जिले की पुलिस ने मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल और तकनीकी ट्रैकिंग के आधार पर उसे सरस्वती इन्क्लेव सेक्टर 37 में पकड़ा। पुलिस टीम ने जब गली नंबर दो के एक मकान में छापा मारा, तो काजल वहीं किराए पर रह रही थी।

पुलिस कस्टडी में भी आरोपी लुटेरी दुल्हन मुस्कराती रही।

काजल के पिता भगत सिंह, मां सरोज देवी, बहन तमन्ना और भाई सूरज पहले ही गिरफ्तार हो चुके हैं। यह पूरा परिवार मूल रूप से उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के गोवर्धन का रहने वाला है, जो राजस्थान, हरियाणा और यूपी में शादी के नाम पर कुंवारे युवकों को फँसाकर लाखों की ठगी करता था।

काजल की बहन तमन्ना को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।

मामला 26 नवंबर 2024 का है जब सीकर जिले के दांतारामगढ़ थाने में ताराचंद जाट ने शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि उसकी मुलाकात भगत सिंह से हुई थी जिसने अपने दोनों बेटियों काजल और तमन्ना के साथ उसके बेटों की शादी का प्रस्ताव रखा। शादी के खर्च के नाम पर 11 लाख रुपए ले लिए गए। 21 मई 2024 को गोविंद अस्पताल, खाचरियावास के गेस्ट हाउस में दोनों शादियाँ धूमधाम से हुईं, पर तीसरे ही दिन दुल्हनें गहने, नकदी और कपड़े लेकर फरार हो गईं।

एफआईआर दर्ज होने के बाद दांतारामगढ़ पुलिस ने जांच शुरू की। 18 दिसंबर 2024 को भगत सिंह और सरोज देवी को मथुरा के गोवर्धन से गिरफ्तार कर लिया गया। इसके बाद पुलिस ने तमन्ना और सूरज को भी पकड़ा, लेकिन काजल लगातार फरार रही। वह कभी जयपुर, कभी मथुरा और अंत में गुरुग्राम में छिपकर रह रही थी।

पुलिस ने बताया कि काजल गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदलती रही और पहचान छिपाने के लिए कई बार नाम और पता भी बदल लिया। आखिरकार, तकनीकी सर्विलांस और स्थानीय पुलिस की मदद से उसका लोकेशन ट्रेस किया गया और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

काजल से पूछताछ में सामने आया कि उसके पिता भगत सिंह ने इस ठगी का संगठित नेटवर्क तैयार किया था। यह लोग उन परिवारों को निशाना बनाते थे जिनके बेटे कुंवारे थे और जिनके पास धन की कमी नहीं थी। काजल और तमन्ना को इस जाल का चेहरा बनाया गया था ताकि लोगों को भरोसा हो सके। ये दुल्हनें शादी के कुछ दिन तक ससुराल में रहतीं और फिर गहनों व पैसों के साथ फरार हो जातीं।

जांच अधिकारी ASI पूरणमल के अनुसार, यह गिरोह राजस्थान, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में सक्रिय था और संभव है कि दर्जनों लोगों को इसी तरह ठगा गया हो। पुलिस को उम्मीद है कि काजल की पूछताछ से कई और मामलों का खुलासा होगा और इस नेटवर्क के बाकी सदस्यों को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।