पानीपत में होगी 27-28 सितंबर को हापकीड़ो मार्शल आर्ट्स प्रतियोगिता

पानीपत में 27-28 सितंबर हापकीड़ो मार्शल आर्ट्स प्रतियोगिता का आयोजन, ताइक्वांडो और सेल्फ डिफेंस पर केंद्रित। यामिन इंटरनेशनल एकेडमी में सीनियर खिलाड़ियों का चयन, खेल से शारीरिक फिटनेस, मानसिक मजबूती और आत्मरक्षा क्षमता विकसित होगी।

पानीपत में होगी 27-28 सितंबर  को  हापकीड़ो मार्शल आर्ट्स प्रतियोगिता

➤ पानीपत में 27-28 सितंबर हापकीड़ो मार्शल आर्ट्स प्रतियोगिता, ताइक्वांडो और सेल्फ डिफेंस पर केंद्रित
➤ यामिन इंटरनेशनल स्पोर्ट्स एकेडमी में सीनियर खिलाड़ियों का चयन, विभिन्न भार वर्गों में खिलाड़ी शामिल
➤ कोच यामीन ने खेल के फायदे बताए—शारीरिक फिटनेस, मानसिक मजबूती, अनुशासन और आत्मरक्षा

समालखा,अशोक शर्मा

पानीपत में 27 और 28 सितंबर को हापकीड़ो मार्शल आर्ट्स प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। यह प्रतियोगिता ताइक्वांडो के अलावा सेल्फ डिफेंस पर केंद्रित होगी, जिसमें विभिन्न भार वर्गों के खिलाड़ी भाग लेंगे। तैयारी के तहत बुधवार को यामिन इंटरनेशनल स्पोर्ट्स एकेडमी (YISA) में सीनियर खिलाड़ियों का चयन किया गया।

कोच यामीन ने बताया कि चयनित खिलाड़ियों में 75 किग्रा वर्ग में मनमीत सिंह, 68 किग्रा में प्रबंनूर मुलतानी, 60 किग्रा में साहिल, 65 किग्रा में भूपेंद्र, 55 किग्रा में अजय, 50 किग्रा में दीपिका, 47 किग्रा में किरन देवी, 78 किग्रा में जतिन कुमार और 44 किग्रा में पंमी शामिल हैं। ये खिलाड़ी कड़ी ट्रेनिंग से गुजरे हैं और प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन की उम्मीद है।

कोच यामीन ने कहा कि खेल जीवन का अभिन्न अंग है, जो शारीरिक फिटनेस सुनिश्चित करने के साथ मानसिक मजबूती, अनुशासन और आत्मरक्षा क्षमता भी विकसित करता है। आज के समय में, जब युवा मोबाइल और सोशल मीडिया की गिरफ्त में हैं, मार्शल आर्ट्स उन्हें सशक्त बनाते हैं। ये खेल आक्रामकता के साथ सहनशक्ति, एकाग्रता और टीमवर्क को भी बढ़ावा देते हैं।

विशेष रूप से हापकीड़ो और ताइक्वांडो, जो कोरियाई मूल के हैं, आत्मरक्षा के लिए आदर्श माने जाते हैं। ये युवाओं को सड़क दुर्घटनाओं से बचाने, नशे और अपराध से दूर रखने तथा राष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतकर देश का मान बढ़ाने में सहायक हैं। कोच यामीन ने अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों को खेल की ओर प्रेरित करें, क्योंकि स्वस्थ शरीर ही स्वस्थ राष्ट्र का आधार है।