प्यार की अंधी चाहत में पति की हत्या, पत्नी और मौसेरे भाई निकले कातिल

पानीपत के समालखा में अनिल हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा किया है। पत्नी किरण और मौसेरे भाई सुधीर को गिरफ्तार किया गया है।

प्यार की अंधी चाहत में पति की हत्या, पत्नी और मौसेरे भाई निकले कातिल

➤ अवैध रिश्ते बने हत्या की वजह
➤ नींद की गोलियों से बेहोश कर गला दबाया
➤ थाना समालखा पुलिस ने 72 घंटे में किया खुलासा


 हरियाणा के पानीपत जिले के समालखा में हुए अनिल हत्याकांड का पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह आईपीएस के नेतृत्व में थाना समालखा पुलिस ने जांच के बाद मृतक की पत्नी किरण और उसके मौसेरे भाई सुधीर को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस पूछताछ में दोनों आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने मिलकर अनिल की हत्या की और शव को ठिकाने लगाने की साजिश रची थी, लेकिन बच्चों के जाग जाने से उनका प्लान पूरा नहीं हो सका।

थाना समालखा प्रभारी सब इंस्पेक्टर गुलशन के अनुसार, आरोपी सुधीर का अनिल के घर आना-जाना था। इसी दौरान अनिल की पत्नी किरण और सुधीर के बीच नजदीकियां बढ़ीं और दोनों ने साथ रहने के लिए अनिल को रास्ते से हटाने की योजना बनाई। लंबे समय से मौके की तलाश कर रहे आरोपियों को 3 फरवरी की रात मौका मिला, जब अनिल के माता-पिता घर पर मौजूद नहीं थे।

पुलिस जांच में सामने आया कि किरण ने रात को दूध में नींद की गोलियां मिलाकर अनिल को दे दीं। अनिल के गहरी नींद में जाने के बाद किरण ने व्हाट्सएप कॉल के जरिए सुधीर को बुलाया। सुधीर रात करीब 11 बजे अपनी कार से समालखा पहुंचा और घर से कुछ दूरी पर वाहन खड़ा कर पैदल अंदर पहुंचा। दरवाजा खोलने के बाद दोनों ने मिलकर अनिल की हत्या की और शव को नहर में फेंकने की योजना बनाई।

पुलिस के मुताबिक, जब दोनों आरोपी शव को बाहर ले जाने की तैयारी कर रहे थे, तभी बच्चों के जाग जाने से घबरा गए। किरण के कहने पर सुधीर मौके से फरार हो गया। इसके बाद मामला संदिग्ध मौत के रूप में सामने आया, लेकिन पुलिस जांच में साजिश की परतें खुलती चली गईं।

मृतक के पिता लख्मी (शीशु राम) ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनके बेटे अनिल की पत्नी किरण के साथ कई महीनों से अनबन चल रही थी। किरण की सुधीर से बातचीत को लेकर परिवार और रिश्तेदारों ने कई बार समझाइश और पंचायत भी की थी। करीब तीन महीने पहले किरण मायके गई थी, जहां अनिल के साथ मारपीट की घटना भी हुई थी और इसकी शिकायत पुलिस में दी गई थी। परिवार का आरोप है कि उसी रंजिश में किरण और सुधीर ने अनिल को जान से मारने की धमकी भी दी थी

शिकायत के आधार पर थाना समालखा पुलिस ने बीएनएस की धारा 103(1) और 3(5) के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू की। डॉक्टरों के बोर्ड से पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया।

रविवार को आरोपियों को माननीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से किरण को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया, जबकि सुधीर को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान पुलिस वारदात में प्रयुक्त कार की बरामदगी और अन्य अहम तथ्यों की जांच करेगी।